ट्रंप का ‘मेक ईरान ग्रेट अगेन’ वाला फोटो लोगों में उत्सुकता बढ़ा रहा है कि आगे क्या होने वाला है। ये फोटो अमेरिकी सीनेटर लिंडसे ग्राहम ने अपने एक्स अकाउंट पर पोस्ट किया है। इसमें ट्रंप और ग्राहम एयर फोर्स वन में मुस्कुराते हुए दिख रहे हैं। ट्रंप के हाथ में एक कैप है जिस पर लिखा है “मेक ईरान ग्रेट अगेन” और उन्होंने उस पर साइन भी कर दिया है। ट्रंप ने ये नारा सबसे पहले जून में उस 12 दिन के युद्ध के दौरान इस्तेमाल किया था। तब उन्होंने कहा था कि अगर ईरान के शासक देश को महान नहीं बना सकते, तो रिजीम चेंज पर विचार होना चाहिए।
लिंडसे ग्राहम ने क्या लिखा
ग्राहम ने फोटो के साथ लिखा, “भगवान ईरान के बहादुर लोगों को आशीर्वाद दें और उनकी रक्षा करें जो तानाशाही के खिलाफ खड़े हुए हैं।” ये बात उन राष्ट्रव्यापी विरोध प्रदर्शनों के संदर्भ में है जो अब नौवें दिन में पहुंच चुके हैं।
Another great day with @POTUS who has brought America back, stronger than ever, at home and abroad. God bless our Commander in Chief and all of the brave men and women who serve under him.
I’m proud to be an American.
God bless and protect the brave people of Iran who are… pic.twitter.com/V7Y6XsO680
— Lindsey Graham (@LindseyGrahamSC) January 5, 2026
वाशिंगटन इंस्टीट्यूट में ईरान एक्सपर्ट हॉली डाग्रेस ने ईरान इंटरनेशनल को बताया कि इस फोटो से कई तरह की व्याख्या की जा सकती है, लेकिन कम से कम ये दिखाता है कि राष्ट्रपति के दिमाग में ईरान का मुद्दा है। उन्होंने कहा, “दुनिया का ज्यादा फोकस वेनेजुएला पर है, लेकिन ट्रंप के विरोध प्रदर्शनों पर कमेंट्स और MIGA कैप के साथ पोज देना बताता है कि उनका ध्यान ईरान पर भी है। राष्ट्रपति के अगले कदम क्या होंगे, ये समझना मुश्किल है, लेकिन क्लेरिकल नेतृत्व आराम से नहीं सोएगा।”
ईरान में विरोध प्रदर्शनों का 9वां दिन
ईरान में प्रदर्शनकारी अब भी सुप्रीम लीडर के खिलाफ नारे लगा रहे हैं। ये विरोध अब नौवें दिन में है। ट्रंप ने दो बार चेतावनी दी है कि अगर ईरानी अथॉरिटीज प्रदर्शनकारियों को मारेगी तो अमेरिका सख्त जवाब देगा। ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट्स न्यूज एजेंसी (HRANA) के मुताबिक अब तक कम से कम 19 प्रदर्शनकारी और एक सुरक्षा बल का सदस्य मारा जा चुका है। फाउंडेशन फॉर डिफेंस ऑफ डेमोक्रेसीज के सीनियर फेलो बेहनाम बेन तालेब्लू ने कहा कि उम्मीद है ट्रंप का ये संदेश कांग्रेस तक पहुंचे और प्रशासन अपनी लाल लाइन पर कायम रहे – यानी ईरानी लोगों के साथ खड़े रहना और उनके दमन की मशीनरी को तोड़ना।
वेनेजुएला में सफल अभियान से ट्रंप की भूख बढ़ी
ससेक्स यूनिवर्सिटी में इंटरनेशनल रिलेशंस पढ़ाने वाले कमरान मातिन ने इसे ज्यादा गहराई से देखा। उन्होंने कहा कि ट्रंप का मैसेज लेयर्ड और सोचा-समझा है। मातिन कहते हैं, “ट्रंप ने कासिम सुलेमानी की हत्या, ईरान के न्यूक्लियर साइट्स पर बमबारी और निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी जैसे सफल अभियान किए हैं। अब जब रिजीम सबसे कमजोर है, तो ट्रंप की भूख लिमिटेड मिलिट्री फोर्स से पॉलिटिकल लक्ष्य हासिल करने की बढ़ गई होगी।”
आगे बढ़ने को तैयार हैं ट्रंप
ईरेशिया ग्रुप के ईरान एनालिस्ट ग्रेग ब्रू ने कहा कि इस फोटो का सिंबॉलिज्म ये संकेत दे सकता है कि ट्रंप और आगे बढ़ने को तैयार हैं। उन्होंने कहा, “ट्रंप ने पहले ही वो कर दिखाया जो कोई दूसरा राष्ट्रपति नहीं कर सका – ईरान के न्यूक्लियर प्रोग्राम पर बमबारी। लेकिन हाल के विरोध और मादुरो ऑपरेशन की सफलता से लगता है कि वो और कदम उठा सकते हैं।”

















