भारत स्थित अमेरिकी दूतावास ने H-1B और H-4 वीजा आवेदकों के लिए एक वर्ल्डवाइड अलर्ट जारी किया है। ये अलर्ट 22 दिसंबर 2025 को जारी हुआ, लेकिन इसमें बताई गई नई स्क्रीनिंग प्रक्रिया 15 दिसंबर से ही शुरू हो चुकी है। बात ये है कि अब सभी H-1B और H-4 वीजा आवेदन में ऑनलाइन प्रेजेंस की जांच को बढ़ा दिया गया है।
क्या नया बदलाव हुआ है?
अमेरिकी डिपार्टमेंट ऑफ स्टेट ने 15 दिसंबर से सभी H-1B और H-4 आवेदक के लिए ऑनलाइन प्रेजेंस रिव्यू को स्टैंडर्ड स्क्रीनिंग का हिस्सा बना दिया है। इसमें सोशल मीडिया प्रोफाइल्स, पब्लिक डिजिटल फुटप्रिंट और दूसरे ऑनलाइन आइडेंटिफायर्स की जांच शामिल है। ये जांच कंसुलर ऑफिसर्स करेंगे, ताकि अप्लाइंट का बैकग्राउंड और इंटेंट वेरिफाई हो सके। ये बदलाव पूरी दुनिया में लागू है – किसी भी देश के आवेदन पर, कोई भी नेशनैलिटी हो। पहले ये कुछ कैटेगरी तक सीमित था, लेकिन अब H-1B (वर्क वीजा) और H-4 (डिपेंडेंट वीजा) के सभी आवेदकों पर लागू होता है।
बदलाव का मकसद क्या है?
दूतावास के मुताबिक, ये कदम H-1B प्रोग्राम में होने वाले संभावित गलत चीजों को रोकने के लिए है। साथ ही, अमेरिकी कंपनियां अच्छे टैलेंट को हायर कर सकें, इसके लिए बेस्ट फॉरेन वर्कर्स को आने की परमिशन बनी रहे। यानी व्यवस्था को साफ-सुथरा रखना और गलत इस्तेमाल रोकना मुख्य वजह है।
आवेदन प्रक्रिया पर असर
अमेरिकी दूतावास और कंसुलेट्स अब भी H-1B और H-4 नॉन-इमिग्रेंट वीजा आवेदन स्वीकार कर रहे हैं। लेकिन इस अतिरिक्त स्क्रीनिंग की वजह से प्रोसेसिंग में ज्यादा समय लग सकता है। कई रिपोर्ट्स में बताया गया है कि इंडिया में दिसंबर के बाद के अपॉइंटमेंट्स को महीनों आगे शिफ्ट कर दिया गया है – जैसे मार्च, अप्रैल या मई 2026 तक।
ऐसे मामले भी हैं कि कुछ आवेदक ऐसे भी हैं, जो वीजा स्टैपिंग के लिए भारत आए थे,लेकिन अब वे वापस अमेरिका नहीं जा पा रहे हैं, क्योंकि उनकी वीजा ही वैध नहीं रहा। बड़े टेक कंपनियां जैसे ऐपल, गूगल और माइक्रोसॉफ्ट ने अपने एम्प्लॉयी को मैसेज भेजे हैं कि बाहर ट्रैवल न करें।
आवेदकों को सलाह
दूतावास की ओर से कहा गया है कि आवेदक जितनी जल्दी हो सके अप्लाई करें। सोशल मीडिया चेक आसान बनाने के लिए आवेदक को अपने अकाउंट्स की प्राइवेसी सेटिंग्स पब्लिक करने की सलाह भी दी गई है। DS-160 फॉर्म में सोशल मीडिया हैंडल्स बताने पड़ते हैं।
ये बदलाव वीजा स्टैंपिंग और इंटरव्यू पर लागू है, USCIS की H-1B पिटिशन अप्रूवल पर नहीं। कुल मिलाकर, जो लोग H-1B या H-4 वीजा लेने या रिन्यू करने की प्लानिंग कर रहे हैं, उन्हें पहले से ज्यादा प्लानिंग करनी पड़ेगी।
















