हिंदुस्तान टाइम्स लीडरशिप समिट (HTLS) 2025 में भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर एक बार फिर पाकिस्तान पर पलटवार करते दिखाई दिए। उन्होंने अपने भाषण में साफ कहा कि भारत की ज्यादातर सुरक्षा चुनौतियां पाकिस्तान की वजह से पैदा होती हैं। खासकर पाकिस्तान सेना और उसकी ओर से आतंकी संगठनों को दिया जाने वाला समर्थन भारत के लिए हमेशा चिंता का कारण रहा है। एस. जयशंकर ने तंज कसते हुए कहा, “जैसे अच्छे और बुरे आतंकवादी बताते हैं, वैसे ही कुछ अच्छे सैन्य नेता भी होते हैं और कुछ शायद उतने अच्छे नहीं।” उनका यह बयान साफ तौर पर पाकिस्तान की सेना और उसके नेतृत्व को लेकर था। माना जा रहा है कि उन्होंने यह टिप्पणी पाकिस्तान के सेना प्रमुख फील्ड मार्शल आसिम मुनीर की ओर इशारा करते हुए की।
पाकिस्तान की प्रतिक्रिया- एस.जयशंकर की इस टिप्पणी के बाद पाकिस्तान ने कड़ा विरोध जताया। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ताहिर अंद्राबी ने कहा कि भारत के विदेश मंत्री के बयान भड़काऊ और बेबुनियाद हैं। उनका कहना था कि पाकिस्तान एक जिम्मेदार देश है और उसके सभी संस्थान, जिनमें सेना भी शामिल है, राष्ट्रीय सुरक्षा के मजबूत स्तंभ हैं। उन्होंने दावा किया कि पाकिस्तान की सेना किसी भी खतरे का मजबूत जवाब देने में सक्षम है। प्रवक्ता ने मई महीने में हुई सैन्य झड़पों का जिक्र भी किया और कहा कि उस दौरान पाकिस्तानी सेना ने अपनी ताकत और संकल्प दिखाया था। गौरतलब है कि 7 मई 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम क्षेत्र में एक बड़ा आतंकी हमला हुआ था जिसमें 26 निर्दोष नागरिकों की जान चली गई थी। इस हमले के पीछे पाकिस्तान से संचालित आतंकी संगठनों का हाथ बताया गया था। इसके बाद भारत ने कड़ा कदम उठाते हुए “ऑपरेशन सिंदूर” शुरू किया। इस ऑपरेशन के तहत भारतीय सेना ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में मौजूद आतंकी ठिकानों पर निशाना साधा। कई ठिकाने तबाह हुए और आतंकियों को भारी नुकसान पहुंचा। चार दिनों तक दोनों देशों के बीच तनावपूर्ण हालात बने रहे। 10 मई को दोनों देशों के बीच सैन्य कार्रवाई रोकने पर सहमति बनी और स्थिति कुछ हद तक सामान्य हुई। भारतीय वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह के अनुसार, इस कार्रवाई में पाकिस्तान के 12 से ज्यादा लड़ाकू विमान नष्ट या क्षतिग्रस्त हुए। इनमें कुछ एफ-16 जैसे उन्नत विमान भी शामिल थे। साथ ही पाकिस्तान को जान-माल का भारी नुकसान उठाना पड़ा।
भारत का साफ संदेश- एस. जयशंकर ने HTLS 2025 में स्पष्ट किया कि भारत अब किसी भी आतंकी हमले का जवाब देने में बिल्कुल हिचकिचाएगा नहीं। उन्होंने कहा कि भारत शांति का पक्षधर है, लेकिन शांति का मतलब कमजोरी नहीं है। यदि कोई भारत के खिलाफ आतंक फैलाता है या उसे नुकसान पहुंचाता है, तो उसका जवाब हर हाल में दिया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि दुनिया को यह समझना चाहिए कि आतंकवाद सिर्फ भारत की समस्या नहीं, बल्कि पूरी मानवता के लिए खतरा है। ऐसे में आतंकवाद को समर्थन देने वाले देशों को भी कठोर संदेश मिलना चाहिए।

















