भारत-नेपाल सीमा से सटे बारा जिले में बुधवार को तनाव उस समय बढ़ गया जब Gen-Z प्रदर्शनकारी और अपदस्थ प्रधानमंत्री के.पी. शर्मा ओली की पार्टी CPN-UML के कार्यकर्ताओं में झड़प हो गई। बढ़ते तनाव को देखते हुए प्रशासन ने तुरंत कर्फ्यू लगाने का निर्णय लिया।
सिमारा एयरपोर्ट के 500 मीटर क्षेत्र में कर्फ्यू, उड़ानें रद्द
बारा जिला प्रशासन के अनुसार सिमारा एयरपोर्ट के 500 मीटर दायरे में दोपहर 12:30 बजे से रात 8:00 बजे तक कर्फ्यू लागू किया गया। बुद्ध एयर की वह उड़ान भी रद्द कर दी गई जिसमें UML नेता शंकर पोखरेल और महेश बसनेत सिमारा में रैली को संबोधित करने आ रहे थे। बढ़ते तनाव को देखते हुए दोनों नेता वापस लौट गए।
Gen-Z प्रदर्शनकारियों और UML समर्थकों की भिड़ंत
जैसे ही नेताओं के आगमन की सूचना फैली, बड़ी संख्या में Gen-Z युवा एयरपोर्ट के बाहर प्रदर्शन के लिए एकत्र हुए। थोड़ी ही देर में उनकी UML समर्थकों से भिड़ंत हो गई, जिसके चलते माहौल और बिगड़ गया। प्रशासन ने किसी भी अनहोनी को रोकने के लिए सुरक्षा सख्त कर दी है।
Gen-Z कौन हैं और क्यों बढ़ रहा है असंतोष?
Gen-Z युवा 1997 से 2012 के बीच जन्मी वह पीढ़ी है जिसे “डिजिटल नेटिव” कहा जाता है। नेपाल में हाल के वर्षों में इन युवाओं का असंतोष बढ़ा है, खासकर UML नेतृत्व और नीतियों के प्रति। यही कारण है कि कई बार इनके विरोध प्रदर्शन उग्र रूप ले लेते हैं।
UML पार्टी क्या है? राजनीतिक पृष्ठभूमि
नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी (UML) देश की प्रमुख वामपंथी पार्टियों में से एक है। पूर्व पीएम K.P. Sharma Oli इसके शीर्ष नेता हैं। यह पार्टी राष्ट्रीयता, स्थिरता और विकास की समर्थक बताई जाती है, लेकिन युवाओं के बीच इसकी लोकप्रियता में गिरावट देखी जा रही है।
तनाव बढ़ने के बाद सुरक्षा बल तैनात
इस सप्ताह की शुरुआत से जारी विरोध अब और तेज हो गया है। कई स्थानों पर Gen-Z युवाओं और UML समर्थकों के बीच बहसबाज़ी और झड़पें दर्ज की गई हैं। प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए सुरक्षा बलों की अतिरिक्त तैनाती कर दी है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।

















