नई दिल्ली/बेंगलुरु: कर्नाटक की राजधानी बंगलूरू स्थित अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर नमाज पढ़ने का मुद्दा गरमा गया है। बीजेपी ने इसे लेकर कांग्रेस को घेरा है और पूछा है कि क्यों सूबे के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे इसे लेकर अपनी आंख मूद रहे हैं। BJP ने सवाल खड़ा किया है कि बंगलूरू अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे के टर्मिनल-2 के अंदर आखिर कैसे नमाज अदा करने की अनुमति दी जा सकती है? क्या मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और मंत्री प्रियांक खरगे इस पर सहमत हैं?
क्या है पूरा मामला?
बंगलूरू में स्थित केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे के टर्मिनल-2 पर कुछ मुस्लिमों के नमाज अदा करने का वीडियो वायरल हो गया था। इसके बाद यह मुद्दा चर्चा में आ गया। सूबे में विपक्षी दल भाजपा ने इसे लेकर कांग्रेस की सरकार पर तीखा प्रहार किया और घटना पर आपत्ति जताते हुए सिद्धारमैया सरकार से जवाब मांगा है। वायरल वीडियो में कुछ मुस्लिमों को टर्मिनल-2 में नमाज पढ़ते हुए देखा जा सकता है। इस दौरान पास खड़े सुरक्षा कर्मियों को यह घटनाक्रम देखते हुए दिखाया गया। किसी भी सुरक्षाकर्मी ने सार्वजनिक स्थल में नमाज पढ़ने से उन मुस्लिमों को नहीं रोका।

BJP ने पूछा- क्या एयरपोर्ट पर नमाज पढ़ने की अनुमति ली थी?
भाजपा की कर्नाटक इकाई के प्रवक्ता विजय प्रसाद ने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और मंत्री प्रियांक खरगे पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने पूछा कि क्या नमाज अदा करने वालों ने सार्वजनिक स्थल पर ऐसा करने के लिए सरकार द्वारा हाल ही में बनाए गए नियमों के तहत कोई अनुमति ली थी। उन्होंने अपने एक सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा कि बंगलूरू अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे के टर्मिनल-2 के अंदर यह कैसे अनुमति दी जा सकती है? क्या मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और मंत्री प्रियांक खरगे इस पर सहमत हैं?
How is this even allowed inside the T2 Terminal of Bengaluru International Airport?
Hon’ble Chief Minister @siddaramaiah and Minister @PriyankKharge do you approve of this?Did these individuals obtain prior permission to offer Namaz in a high-security airport zone?
Why is it… pic.twitter.com/iwWK2rYWZa— Vijay Prasad (@vijayrpbjp) November 9, 2025
उन्होंने कहा कि सरकार ने हाल ही में ऐसे नियम बनाए थे जिनका मकसद आरएसएस (RSS) की गतिविधियों को सीमित करना था। उन्होंने कहा कि जब आरएसएस अनुमति लेकर पथ संचलन आयोजित करता है तो सरकार आपत्ति जताती है लेकिन प्रतिबंधित सार्वजनिक क्षेत्र में होने वाली ऐसी गतिविधियों पर आंखें मूंद लेती है।
निर्धारित रूम की जगह सार्वजनिक स्थल पर पढ़ी नमाज
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, एयरपोर्ट पर जो लोग नमाज पढ़ते हुए दिख रहे हैं वे मक्का जाने वाले यात्रियों के परिजन बताए जा रहे हैं। बताया गया कि एयरपोर्ट परिसर में पहले से ही एक निर्धारित नमाज रूम मौजूद है। इसके बाद भी उन्होंने सार्वजनिक स्थान पर नमाज अदा की। इसके बाद कर्नाटक में राजनीति गरमा गई है और बीजेपी ने कांग्रेस सरकार को जमकर लताड़ा है।











