Coimbatore gang rape: तमिलनाडु के कोयंबटूर से मानवता को शर्मशार करने वाली घटना प्रकाश में आई है, जहां एक स्नातकोत्तर की छात्रा को अगवा करके उसके साथ गैंगरेप की वारदात को अंजाम दिया गया है। 20 वर्षीय पीड़िता मदुरै की रहने वाली है और कोयंबटूर में वह हॉस्टल में रहकर पढ़ाई करती है। पुलिस ने तीनों दरिंदों को गिरफ्तार कर लिया है।
क्या है पूरा मामला?
ये मामला कोयंबटूर एयरपोर्ट के पास का है। रिपोर्ट्स के अनुसार, रविवार रात करीब 10:30 बजे पीड़िता अपने पुरुष मित्र के साथ अपनी कार को एयरपोर्ट के पीछे बिंद्रावन नगर में पार्क करके बैठे थे। तभी तीन आदमी एक मोटरसाइकिल पर आए। उन्होंने कार का विंडशील्ड तोड़ दिया और बॉयफ्रेंड पर हथियारों से हमला बोल दिया। छात्रा को धमकाकर वे उसे अपनी मोटरसाइकिल पर बिठा ले गए। करीब एक किलोमीटर दूर एक और सुनसान जगह पर ले जाकर उन्होंने उसके साथ बार-बार रेप किया। हमले के दौरान बॉयफ्रेंड घायल हो गया था, जिसने तुरंत पीलामेडु पुलिस को फोन किया। पुलिस ने रात 11 बजे से ही सर्च शुरू कर दी। एक पुलिस अधिकारी ने बताया, “वे कार का शीशा तोड़कर अंदर घुसे, बॉयफ्रेंड पर हमला किया और लड़की को धमकाकर ले गए। फिर उस जगह पर गैंगरेप किया।”
जांच और सर्च ऑपरेशन
इस मामले में पुलिस ने सात स्पेशल टीमें बना लीं ताकि अपराधियों को पकड़ा जा सके। सुबह 4 बजे छात्रा को ढूंढ निकाला। लेकिन आरोपी भाग चुके थे। उन्होंने अपनी मोटरसाइकिल वहीं छोड़ दी थी, जो चोरी की हुई निकली। पुलिस ने छात्रा को 60 से ज्यादा क्रिमिनल रिकॉर्ड वाले लोगों की फोटोज दिखाईं, लेकिन वो किसी को पहचान नहीं पाई। सीसीटीवी कैमरों में चेहरे कैद नहीं हुए क्योंकि ग्लेयर की वजह से क्लियर इमेज नहीं आया। एक पुलिस सोर्स ने कहा, “कैमरे फेस कैप्चर करने में फेल हो गए ग्लेयर की वजह से।” सिटी पुलिस कमिश्नर ए सरवना सुंदर ने मीडिया से कहा, “वो शॉक में है, उसके दोस्त की हालत ठीक है। हमने सात टीमें लगाई हैं।”
एनकाउंटर में पकड़े गए आरोपी
सोमवार रात को पुलिस को तीनों संदिग्धों के बारे में क्लू मिला। वे सतीश, गुणा और कार्तिक हैं, सब मदुरै जिले के रहने वाले। ये लोग कोयंबटूर में एक किराए के कमरे में रहते थे और दिहाड़ी मजदूर थे। पुलिस ने एनकाउंटर में गोली चलाकर उन्हें गिरफ्तार किया। तीनों को कोयंबटूर मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने इससे ज्यादा डिटेल्स शेयर नहीं कीं। एक अधिकारी ने बताया, “उन्होंने छात्रा को पहचानने में दिक्कत हुई, लेकिन अब सब पकड़े गए हैं।”

















