भुवनेश्वर। कटक में मां दुर्गा की प्रतिमा विसर्जन शोभायात्रा पर पथराव व बाद की हिंसक घटनाओं के बाद भुवनेश्वर-कटक कमिशनरेट पुलिस ने रविवार रात को शहर के 13 थाना क्षेत्रों में 36 घंटे का कर्फ्यू लागू कर दिया है। यह कदम रविवार रात 10 बजे से प्रभावी हुआ है और शहर में शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से उठाया गया है।
13 थाना क्षेत्रों में कर्फ्यू
36 घंटों का कर्फ्यू दरगाह बाज़ार, मंगलाबाग, कैंटोनमेंट, पुरी घाट, लालबाग, बिडानासी, मर्कतनगर, सीडीए फेज़-II, मालगोदाम, बादामबाडी, जगतपुर, 42 मौजा और सदर थाना क्षेत्रों में लागू रहेगा। पुलिस आयुक्त एस. देवदत्त सिंह ने बताया कि वरिष्ठ अधिकारियों के साथ विस्तृत समीक्षा के बाद यह निर्णय लिया गया। उन्होंने कहा कि कोई भी उपद्रवी बख्शा नहीं जाएगा। शांति भंग करने या कर्फ्यू का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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उन्होंने आगे कहा कि संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त बल तैनात किए गए हैं और चौबीसों घंटे गश्त की जा रही है। नागरिकों से अपील की गई है कि वे कर्फ्यू के दौरान घरों में रहें, प्रशासन का सहयोग करें और सोशल मीडिया पर फैल रही अपुष्ट सूचनाओं पर भरोसा न करें।
डीजीपी की समीक्षा, जिम्मेदार आचरण की अपील
ओडिशा के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) वाई.बी. खुरानिया ने रविवार को कटक का दौरा कर हालात का जायज़ा लिया। वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक के बाद उन्होंने नागरिकों से सहयोग की अपील की। उन्होंने कहा कि कटक भाईचारे का शहर है। यहां के निवासी हमेशा मिल-जुलकर त्योहार मनाते आए हैं। मैं सभी नागरिकों से शांति और सौहार्द बनाए रखने की अपील करता हूं। असामाजिक तत्वों को चेतावनी देते हुए डीजीपी ने कहा कि जो लोग कानून अपने हाथ में ले चुके हैं या लेने की सोच रहे हैं, उन्हें बता देना चाहता हूं कि पुलिस के पास उपलब्ध सभी कानूनी शक्तियों का इस्तेमाल किया जाएगा। किसी भी हालत में स्थिति बिगड़ने नहीं दी जाएगी।
सोशल मीडिया की अफवाहों से बचने की अपील
डीजीपी ने नागरिकों से अपील की कि वे सोशल मीडिया पर चल रही अफवाहों पर विश्वास न करें और केवल पुलिस की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध प्रमाणित सूचनाओं पर भरोसा करें।
इंटरनेट सेवाएं निलंबित
भ्रामक और भड़काऊ सूचनाओं के प्रसार को रोकने के लिए, ओडिशा सरकार ने कटक के कुछ हिस्सों में इंटरनेट और सोशल मीडिया सेवाएं अस्थायी रूप से निलंबित कर दी हैं। गृह विभाग द्वारा जारी अधिसूचना में कहा गया कि व्हाट्सऐप, फेसबुक, एक्स, इंस्टाग्राम और स्नैपचैट जैसे प्लेटफार्मों पर फैल रही झूठी और भड़काऊ सामग्री से कानून-व्यवस्था प्रभावित हो सकती है। अतिरिक्त मुख्य सचिव सत्यब्रत साहू ने स्पष्ट किया कि यह कदम पूरी तरह निवारक उपाय के तौर पर उठाया गया है।
मुख्यमंत्री ने की शांति की अपील
मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने कटक की स्थिति पर गहरी चिंता जताई और नागरिकों से शहर की हजारों साल पुरानी सौहार्द और शांति की परंपरा को बनाए रखने की अपील की। मुख्यमंत्री ने कहा कि कटक एक हज़ार वर्ष पुराना शहर है और भाईचारे का अनूठा प्रतीक है। लेकिन हाल ही में कुछ उपद्रवियों की हरकतों से शहर की शांति भंग हुई है और आम लोगों का जीवन प्रभावित हुआ है। उन्होंने आश्वस्त किया कि सरकार स्थिति पर पूरी नज़र रख रही है और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने ज़ोर देकर कहा, “इस ऐतिहासिक शहर की सद्भावना को भंग करने का कोई प्रयास बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।” माझी ने सभी नागरिकों से एकजुट होकर शांति और एकता बनाए रखने तथा शहर की गौरवशाली विरासत को सुरक्षित रखने की अपील की।
गौरतलब है कि शुक्रवार देर रात दरगाह बाज़ार क्षेत्र में दुर्गा विसर्जन जुलूस के दौरान पथराव की घटना हुई थी। इसमें कटक के पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) ऋषिकेश खिलारी समेत अनेक घायल हो गए थे, जिनमें जुलूस में शामिल श्रद्धालु भी शामिल थे। इस घटना ने शहर में तनाव और अशांति की आशंकाओं को और गहरा कर दिया।
मीडिया को संबोधित करते पुलिस आयुक्त एस. देवदत्त सिंह व अन्य अधिकारी

















