गोरखपुर । मुख्यमंत्री एवं गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ ने कहा कि समाज को बांटने वाली और सुरक्षा पर खतरा पैदा करने वाली ताकतें हर कालखंड और परिस्थिति में रही हैं। परंतु सनातन की एकता के बल पर उनका संहार होता आया है।
रामायण और महाभारत के खलनायक आज भी मौजूद
सीएम योगी ने कहा कि रामायण और महाभारत के खल पात्र आज भी नए नाम और रूप में मौजूद होकर समाज को बांटने का कार्य कर रहे हैं। शूर्पणखा, ताड़का, मारीच और दुर्योधन-दुशासन जैसे लोग आज भी अलग-अलग रूप में समाज को नुकसान पहुंचा रहे हैं।
विजयदशमी का पर्व धर्म की विजय का प्रतीक
मुख्यमंत्री ने कहा कि विजयदशमी अधर्म, अन्याय और अत्याचार के प्रतीक रावण पर विजय का पर्व है। प्रभु श्रीराम ने रावण का वध कर रामराज की स्थापना का शंखनाद किया। इसलिए आज भी सनातनी रावण का पुतला दहन कर श्रीराम का अभिनंदन करते हैं।
श्रीराम मानवता के लिए प्रेरणा का स्रोत
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि महर्षि वाल्मीकि ने श्रीराम को धर्म का साक्षात रूप बताया। श्रीराम हर सनातनी के रोम-रोम में बसे हैं। रामायण धारावाहिक की लोकप्रियता और कोरोना काल में इसका पुनः प्रसारण इस तथ्य को सिद्ध करता है कि राम कथा हर पीढ़ी के लिए प्रेरणा है।
राम और कृष्ण से मिलती है ऊर्जा
सीएम योगी ने कहा कि विपरीत परिस्थितियों में राम और कृष्ण के प्रति श्रद्धा हमें कार्य करने की नई ऊर्जा देती है। यही ऊर्जा सनातन धर्म की वास्तविक ताकत है। राक्षसी शक्तियों के खिलाफ संघर्ष हर युग में हुआ है और यही संघर्ष विकास और सामर्थ्य की नींव है।
सनातन धर्म सुरक्षा और कल्याण का आधार
मुख्यमंत्री ने कहा कि सनातन धर्म केवल उपासना पद्धति नहीं, बल्कि यह हर जीव के कल्याण और प्रकृति की सुरक्षा की गारंटी है। प्रकृति के नियमों का पालन और सनातन धर्म पर विश्वास बनाए रखना आवश्यक है।
सनातन पर सवाल उठाने वालों को आड़े हाथों लिया
सीएम योगी ने कहा कि देश में कुछ लोग ऐसे भी हैं जिन्हें अपनी विरासत पर गर्व नहीं होता। सत्ता में रहते हुए ये लोग राम और कृष्ण के अस्तित्व पर प्रश्न उठाते थे। लेकिन आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में 11 वर्षों की विकास यात्रा ने हर भारतीय का गौरव बढ़ाया है।

















