उपराष्ट्रपति चुनाव 2025: उपराष्ट्रपति रहे जगदीप धनखड़ के इस्तीफे के बाद नए उपराष्ट्रपति के लिए सत्ता पक्ष और विपक्ष में चल रही रस्सा कसी का आज अंत होने वाला है। आज (9 सितंबर, 2025) उपराष्ट्रपति पद के लिए संसद में वोटिंग होगी। इसमें सत्ता पक्ष एनडीए की ओर से सीपी राधाकृष्णन और विपक्ष इंडि गठबंधन के उम्मीदवार सेवानिवृत जज बी सुदर्शन रेड्डी मैदान में हैं।
कितने लोग करेंगे वोट
मतदान प्रक्रिया के दौरान दोनों सदनों यानि राज्यसभा और लोकसभा के कुल 781 सांसद अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। रिपोर्ट्स की मानें तो संख्याबल के हिसाब से एनडीए के उम्मीदवार राधाकृष्णन के उपराष्ट्रपति बनने का मार्ग प्रशस्त होता दिख रहा है। केंद्रीय चुनाव आयोग की ओर से तैयार की गई वोटर लिस्ट के मुताबिक, लोकसभा के 542 और 239 राज्य सभा के सदस्य इसके लिए वोटिंग करेंगे। वोटिंग के समय की बात करें तो संसद भवन में ये प्रक्रिया सुबह से 10 बजे से शाम के 5 बजे तक चलेगी।
इसके बाद वोटिंग बंद हो जाएगी। बताया जा रहा है कि शाम के 6 बजे से वोटों की गिनती शुरू होगी और रात में इसके परिणाम भी घोषित कर दिए जाएंगे। फिलहाल इस चुनाव से नवीन पटनायक की पार्टी बीजेडी और के चंद्रशेखर राव की पार्टी बीआरएस ने अपना पल्ला झाड़ते हुए इसमें हिस्सा नहीं लेने का फैसला किया है। इसके अलावा पंजाब की शिरोमणि अकाली दल भी चुनाव से बाहर रहेगी।
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ओवैसी इंडिया तो जगनमोहन ने एनडीए का किया समर्थन
इस बीच उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए एआईएमआईएम के सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने अपने चिर-परिचित अंदाज में विपक्ष का दामन थामे रखा। उन्होंने फैसला किया है कि उनकी पार्टी इंडि गठबंधन के उम्मीदवार बी सुदर्शन रेड्डी का समर्थन करेगी। वहीं आंध्र प्रदेश के पूर्व सीएम जगनमोहन रेड्डी ने भी अपने पत्ते खोल दिए हैं। उनकी पार्टी वाईएसआरसीपी ने सीपी राधाकृष्णन का समर्थन करने का फैसला किया है।
क्या कहता है संख्याबल
संख्याबल के लिहाज से देखें तो मतदाता सूची में कुल 781 सांसद हैं। आंकड़ों पर नजर डालें तो पता चलता है कि लोकसभा के 542 और राज्यसभा के 239 सदस्यों में 425 सदस्य तो भाजपा नीत एनडीए खेमे के हैं। जबकि इंडि खेमे में केवल 324 सदस्य ही हैं। इसमें भी अकेले 342 सांसद तो बीजेपी के ही हैं। इसके अलावा वाईएसआरसीपी का भी समर्थ एनडीए को है। बहरहाल, इस चुनाव से बीजेडी (7), बीआरएस (4) और शिअद (3) बाहर हो गई है। ऐसे में केवल 767 वोट ही बचे हैं और उसमें बहुमत का आंकड़ा 384 वोटों का है, जो कि स्पष्ट रूप से एनडीए के पक्ष में है।

















