बांग्लादेशी मुसलमानों की घुसपैठ से सर्वाधिक प्रभावित बिहार के किशनगंज में एक संदिग्ध व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। वह किशनगंज में सदर थाना क्षेत्र के पुलिस लाइन मोहल्ला में संदिग्ध रूप में घूम रहा था। स्थानीय लोगों को जब उसकी हरकतें ठीक नहीं लगीं, तो उन्होंने उससे पूछताछ की, लेकिन वह कुछ बोल नहीं रहा था। केवल बांग्ला में लिखित में उत्तर दे रहा था। उसकी लिखावट बहुत ही सुंदर और स्पष्ट है। लेकिन उसकी हरकतें कुछ और संकेत कर रही थीं। वह अपने को पागल दिखाने की कोशिश कर रहा था। जब लोगों का शक और गहरा गया तो उन्होंने उसे पुलिस को सौंप दिया। पुलिस सूत्रों के अनुसार उसकी पहचान सलाम मोंडल के रूप में हुई है, जो बांग्लादेश के नौगा फिरोजपुर जिले का निवासी है। पहले राज्य पुलिस ने उससे प्रारंभिक पूछताछ की। इसके बाद उसे बीएसएफ को सौंपा गया है।
जानकारी मिली है कि बीएसएफ अब बांग्लादेश बॉर्डर गार्ड (बीबीजी) के सहयोग से उसकी पहचान और दस्तावेजों की जांच कर रही है, जिसमें पुलिस और बीएसएफ संयुक्त रूप से यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि वह भारत में अवैध रूप से कैसे दाखिल हुआ।
इस घटना के बाद इलाके में सुरक्षा को लेकर चर्चा तेज हो गई है। स्थानीय लोगों ने यह भी बताया कि उसके साथ एक महिला भी थी, लेकिन उसके पकड़े जाने के तुरंत बाद वह अचानक गायब हो गई।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से अपील की है कि सीमा से लगे इलाकों में इस तरह की गतिविधियों पर और सख्त निगरानी रखी जाए। यह कोई पहली घटना नहीं है। इससे पहले भी कई बार इस जिले में बांग्लादेशी घुसपैठिए पकड़े गए हैं।

















