नई दिल्ली: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पर हमला करने वाला शख्स उनसे मिलने का रास्ता तलाशने के लिए 24 घंटे से रेकी कर रहा था। पुलिस ने आरोपी राजेश खिमजी के खिलाफ हत्या की कोशिश का मामला दर्ज किया है। दिल्ली पुलिस, खुफिया ब्यूरो (IB) और स्पेशल सेल की टीमें आरोपी से पूछताछ कर रही हैं। वह बुधवार सुबह ही ट्रेन से राजकोट से दिल्ली आया था और सिविल लाइंस के गुजराती भवन में रुका था। उसके खिलाफ सिविल लाइंस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता की धारा 109(1)/132/221 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस ने आरोपी राजेश खिमजी पर सरकारी कर्मचारी पर हमला करने के आरोप में बीएनएस की धारा 132, सरकारी कर्मचारी के काम में बाधा डालने के आरोप में बीएनएस की धारा 221 और हत्या कोशिश के लिए धारा 109 के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
मुख्यमंत्री पर हमले से पहले आरोपी ने अपने दोस्त से की थी बात
रिपोर्ट के मुताबिक, आरोपी राजेश खिमजी ने हमले से पहले गुजरात में अपने दोस्त से फोन पर बात की थी। उसने अपने दोस्त को बताया था कि वह शालीमार बाग स्थित मुख्यमंत्री आवास पहुच गया है। जांच में यह बात सामने आई है कि आरोपी राजेश पहली बार दिल्ली आया था। पुलिस अब आरोपी राजेश की 5 से 7 दिन की रिमांड मांगेगी ताकि इस साजिश के बारे में ज्यादा जानकारी हासिल की जा सके।

रिक्शे से मुख्यमंत्री आवास पहुंचा था आरोपी राजेश
आरोपी राजेश खिमजी रिक्शे से मुख्यमंत्री कार्यालय पहुंचा था। उसका रिक्शे से उतरने और पैसे देने का वीडियो भी सामने आया है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, आरोपी शिकायतकर्ता बनकर मुख्यमंत्री की जनसुनवाई में पहुंचा था। वह जेल में बंद अपने एक रिश्तेदार की रिहाई की मांग वाली एक याचिका लेकर आया था। चश्मदीदों के मुताबिक, जब मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता उसके पास गई तो उसने उन्हें कुछ कागज दिये और फिर वह जोर से उनके ऊपर चिल्लाने लगा। उसने मुख्यमंत्री को धक्का भी दिया और उनपर शारीरिक हमला करने की कोशिश की। टक्कर लगने से मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता एक पल के लिए नियंत्रण खो बैठी थीं और गिरते-गिरते बचीं। मुख्यमंत्री की सुरक्षा में तैनात सुरक्षाकर्मियों ने आरोपी हमलावर को तुरंत पकड़ लिया।
‘कुत्तों से प्रेम के नाम पर इंसानों के साथ हिंसा’: इस मानसिकता में होना चाहिए सुधार?
दिल्ली के मंत्री प्रवेश साहिब सिंह का कहना है कि आरोपी पिछले 24 घंटों से मुख्यमंत्री आवास की रेकी कर रहा था और मुख्यमंत्री से मिलने की योजना बना रहा था। आरोपी रेकी के लिए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के शालीमार बाग स्थित आवास पर पहुंचा था। आरोपी ने उनके आवास के पास रात बिताई और जनसुनवाई के दौरान उन पर हमला किया। अब पता चला है कि वह व्यक्ति मुख्यमंत्री से मिलने का रास्ता तलाशने के लिए 24 घंटे से रेकी कर रहा था। उसने शालीमार बाग स्थित मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के घर तक की रेकी की थी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता बिना किसी कड़ी सुरक्षा के जनसुनवाई के दौरान रोजाना 2000 लोगों से मिलती हैं और बताया कि पुलिस मामले की जांच कर रही है और उसके आधार पर आगे की जानकारी दी जाएगी।

आवारा कुत्तों के समर्थन में होने वाले प्रदर्शन में हिस्सा लेने आया था आरोपी
आरोपी राजेश की मां का कहना है कि उनके बेटे का किसी भी राजनीतिक दल से कोई संबंध नहीं है। वह जानवरों के प्रति लगाव के चलते दिल्ली गया था और सुप्रीम कोर्ट के हालिया आदेश के खिलाफ प्रदर्शन कर रहा था। हालांकि आरोपी की मां मीडिया के सामने हंसते हुए भी दिखीं। राजेश 41 साल का है। वह राजकोट शहर के कोठारिया रोड पर स्थित गोकुल पार्क में अपने माता-पिता, पत्नी और बेटे के साथ रहता है। वह ऑटो-रिक्शा चलाता है। आरोपी सुप्रीम कोर्ट के हालिया आदेश, जिसमें सड़कों पर घूमने वाले आवारा कुत्तों को पकड़कर शेल्टर होम में रखने की बात कही गई थी, उससे परेशान था। कुछ दिन पहले वह हरिद्वार गया था। वहीं से उसने परिवार को बताया कि वह दिल्ली जा रहा है ताकि कुत्तों के समर्थन में होने वाले विरोध-प्रदर्शन में हिस्सा ले सके।

















