मुंबई। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले जी ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर शुक्रवार को मुंबई के रामभाऊ म्हालगी प्रबोधिनी में ध्वजारोहण किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि भारत की आत्मा फीनिक्स पक्षी की तरह है। प्राचीन काल से ही भारतीय राष्ट्र में किसी भी संकट का सामना करने के बाद पुन: उठ खड़े होने, प्रगति करने और उन्नति करने की जन्मजात क्षमता रही है।
सरकार्यवाह ने देश की स्वतंत्रता के लिए बलिदान देने वाले स्वतंत्रता सेनानियों का स्मरण किया। उन्होंने सैन्यकर्मियों सहित उन सभी अर्धसैनिक बलों के जवानों के प्रति भी कृतज्ञता ज्ञापित की, जो आज भारत की बाह्य और आंतरिक सुरक्षा के लिए लड़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि देश की सीमाएं पराक्रमी, वीर सैनिकों के कारण ही अक्षुण्ण हैं।
“पूरे विश्व का अंधकार समाप्त करने हेतु प्रकाश स्तंभ के रूप में भारत उभरेगा।” मान. दत्तात्रेय होसबाले, सरकार्यवाह, रा.स्व.संघ।
आज मा. सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले जी ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर केशव सृष्टि, रामभाऊ महालगी, मुम्बई में आयोजित कार्यक्रम में राष्ट्रध्वज फहराया। pic.twitter.com/QpxcbeDzsn
— RSS (@RSSorg) August 15, 2025
कार्यक्रम में रामभाऊ म्हालगी प्रबोधिनी के उपाध्यक्ष डॉ. विनय सहस्रबुद्धे ने उपस्थित लोगों का स्वागत किया और स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर प्रबोधिनी के कोषाध्यक्ष नीलेश गोसावी और मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. प्रकाश आड़े भी उपस्थित थे।
रामभाऊ म्हालगी प्रबोधिनी में आयोजित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के ‘ग्लोबल आउटरीच प्रोग्राम’ में शामिल होने आए दुनिया भर के स्वयंसेवक और पदाधिकारी भी ध्वजारोहण समारोह में उपस्थित थे। ध्वजारोहण एवं राष्ट्रगान के बाद ग्लोबल आउटरीच कार्यक्रम में आये स्वयंसेवकों एवं प्रबोधिनी के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भारत माता की पूजा-अर्चना कर कार्यक्रम का समापन किया।
क्या है फीनिक्स पक्षी
फीनिक्स एक पौराणिक और बहुत ही खूबसूरत पक्षी है, जिसका जिक्र कई प्राचीन सभ्यताओं खासकर मिस्र, ग्रीक और रोमन कथाओं में मिलता है। इसके पंख सुनहरे और लाल रंग के होते हैं।फीनिक्स को अमरता और पुनर्जन्म का प्रतीक माना जाता है। इसकी राख से ही नया, युवा फीनिक्स जन्म लेता है। इसे विनाश के बाद फिर से खड़े होने, और नई शुरुआत करने का प्रतीक माना जाता है। यह संघर्ष के बाद जीत, और निराशा के बाद उम्मीद का संदेश देता है।
(इनपुट हिंदुस्थान समाचार)

















