सोशल मीडिया पर एक बार फिर ऑपरेशन सिंदूर के बारे में फर्जी खबर फैलाई जा रही है। इस बार निशाना भारतीय सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी हैं। सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे वीडियो में सेना प्रमुख को पाकिस्तान के साथ युद्ध में 250 जवानों के मारे जाने की बात स्वीकार करते हुए दिखाया गया है। हालांकि, यह वीडियो पूरी तरह से फर्जी है और इसे एआई (AI) तकनीक की मदद से बनाया गया है। पीआईबी फैक्ट चेक ने वायरल वीडियो और असली वीडियो को मंगलवार (29 जुलाई) को अपने एक्स अकाउंट पर शेयर किया।
पीआईबी ने अपने फैक्ट चेक में कहा कि वायरल वीडियो एआई जनरेटेड डीपफेक वीडियो है, जिसमें जनरल द्विवेदी की शक्ल और आवाज के साथ छेड़छाड़ करके झूठा बयान डाला गया है। भारतीय सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने ऐसा कोई बयान नहीं दिया है। सरकार ने इस वीडियो को लेकर चेतावनी जारी की है व लोगों से अपील की है कि डीपफेक का इस्तेमाल गुमराह करने और गलत जानकारी फैलाने के लिए किया जा रहा है। हमेशा आधिकारिक स्रोतों से जांच करें। किसी भी तरह के वायरल कंटेंट पर आंखें बंद करके भरोसा न करें।
फेक वीडियो में सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी को यह कहते हुए सुना गया, “इसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भी भारतीय सेना ने उसी अदम्य साहस और दृढ़ संकल्प के साथ पाकिस्तान के मुख्य आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया। पाकिस्तान की अन्य आक्रामक कार्रवाइयों का प्रभावशाली ढंग से जवाब देते हुए निर्णायक जीत हासिल की। एलओसी पर भारतीय सेना ने करीब 250 शहीद देते हुए भारी हानि सहन की।” वहीं असली वीडियो में द्विवेदी ने ऐसा कुछ भी नहीं कहा है।
दरअसल ऑपरेशन सिंदूर के बाद से पाकिस्तान समर्थित सोशल मीडिया ग्रुप्स पर जमकर फेक न्यूज और अफवाहें फैलाईं जा रही हैं। इस तरह की अफवाहें फैलाकर भारत की छवि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की जा रही है। ऐसे में जरूरी है कि सभी देशवासी सोशल मीडिया पर सतर्क रहें। अगर कोई वीडियो या पोस्ट संदिग्ध लगे, तो तुरंत उसे रिपोर्ट करें और सरकार के आधिकारिक चैनलों से सच्चाई की पुष्टि करें।

















