जम्मू कश्मीर में चिनाब नदी पर बने दुनिया के सबसे ऊंचे रेल ब्रिज का उद्घाटन करते हुए आतंकवाद और आतंकियों के पनाहगाह को कड़ा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि पहलगाम में हुआ आतंकी हमला इंसानियत, कश्मीरियत पर बड़ा हमला था। इसके जरिए पूरे देश को दंगे की आग में झुलसाने की बड़ी साजिश थी। आतंकियों की कोशिश कश्मीरियों की इनकम को खत्म करने की थी, जिससे असंतोष फैले। लेकिन, ये देश आतंकवाद के सामने कभी नहीं झुकेगा।
वादी ए कश्मीर रेल नेटवर्क से जुड़ा
चिनाब पुल का उद्घाटन करने के बाद अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने कहा कि आज माता वैष्णो देवी के आशीष से वादी ए कश्मीर भारतीय रेल नेटवर्क से जुड़ गया है। चिनाब नदी पर बना ये ब्रिज दुनिया का सबसे ऊंचा आर्च ब्रिज है, जो कि एफिल टॉवर से भी अधिक ऊंचा है। प्रधानमंत्री कहते हैं कि इस पुल को बनाना काफी चुनौतीपूर्ण था, लेकिन हमने चुनौती को ही चुनौती दे दी। अब चिनाब के जरिए लोग कश्मीर देखने जाएंगे तो ये पुल अपने आप में टूरिस्ट डेस्टिनेशन बनेगा। पीएम मोदी ने ये भी कहा कि ये मेरा सौभाग्य है कि इस पुलिस ने हमारी सरकार के दौरान गति पकड़ी और इसे हमने समय पर पूरा किया।
उधमपुर-बारामुला और श्रीनगर रेल लाइन सिर्फ एक रेलवे ब्रिज ही नहीं, देश की ताकत की पहचान है। ये नए भारत के सामर्थ्य का जयघोष है। प्रधानमंत्री ने कहा कि जम्मू कश्मीर को आज दो नई वंदेभारत, नए मेडिकल कॉलेज का शिलान्यास 46000 करोड़ रुपए की लागत से शुरू किया गया है।
ऑपरेशन सिंदूर का भी जिक्र
पहलगाम आतंकी हमले के बाद शुरू किए गए ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आतंक के पोषक पाकिस्तान को कड़ा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि जब भी पाकिस्तान ऑपरेशन सिंदूर का नाम सुनेगा, उसे उसकी शर्मनाक हार जरूर याद आएगी। उन्होंने ये भी कहा कि जिस प्रकार से जम्मू कश्मीर में विकास की नई यात्रा शुरू हुई है वो अनवरत चलती रहेगी।

















