विजय दिवस : अभी विजय के संकल्प अधूरे हैं, पीओके लेना बाकी है - धामी
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विजय दिवस : अभी विजय के संकल्प अधूरे हैं, पीओके लेना बाकी है – धामी

सीएम धामी ने शहीद स्मारक पर पुष्प चक्र अर्पित कर बलिदानियों को श्रद्धांजलि दी

Written byदिनेश मानसेरादिनेश मानसेरा
Dec 16, 2023, 06:47 pm IST
inउत्तराखंड

देहरादून। सीएम पुष्कर सिंह धामी ने विजय दिवस के अवसर पर कहा कि अभी विजय के संकल्प अधूरे हैं अभी संसद में गृह मंत्री अमित शाह ने कहा है कि पाक अधिकृत कश्मीर हमें वापस लेना है। सीएम धामी ने विजय दिवस के अवसर पर शनिवार को गांधी पार्क में शहीद स्मारक पर पुष्प चक्र अर्पित कर बलिदानियों को श्रद्धांजलि दी। साथ ही भूतपूर्व सैनिकों, वीरांगनाओं को शॉल ओढ़ाकर और स्मृति चिन्ह् देकर सम्मानित किया। वहीं, आज आयोजित निबंध एवं कला प्रतियोगिता में प्रथम तीन स्थान प्राप्त करने वाले छात्र-छात्राओं को भी मुख्यमंत्री ने सम्मानित किया।

मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर घोषणा की कि सैनिक आश्रितों को भर्ती पूर्व दिए जाने वाले प्रशिक्षण के दौरान भोजन व्यवस्था के लिए प्रतिदिन दी जाने वाली धनराशि 80 रुपये से बढ़ाकर 225 रुपये की जाएगी। राज्य के गढ़वाल और कुमांऊ मण्डल में सैनिक आश्रित युवाओं को सैनिक कल्याण एवं पुनर्वास विभाग, उत्तराखण्ड द्वारा 56 दिनों का निःशुल्क प्रशिक्षण दिया जाता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का दिन भारतीय सेना के वीर जवानों के अदम्य साहस, शौर्य और पराक्रम का उत्सव मनाने का दिन है। 1971 का युद्ध अमानवीयता पर मानवता, दुराचार पर सदाचार और अन्याय पर न्याय की जीत का युद्ध था। आज ही के दिन 1971 में पाकिस्तान के 93,000 से अधिक सैनिकों ने हमारे वीर बहादुर सैनिकों के समक्ष घुटने टेके थे। द्वितीय विश्व युद्ध के बाद किसी भी सेना का यह सबसे बड़ा आत्मसमर्पण था। यह युद्ध भारत के वीरों के अटल संकल्प और बलिदान का प्रत्यक्ष उदाहरण था।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की भूमि देवभूमि होने के साथ-साथ पराक्रम और बलिदान की भूमि भी है। 1971 के भारत-पाक युद्ध में वीरभूमि उत्तराखंड के 255 जवानों ने भारत मां की रक्षा के लिए अपने प्राणों का उत्सर्ग किया था। इस युद्ध में अपने अदम्य साहस और पराक्रम का परिचय देने वाले प्रदेश के 74 सैनिक विभिन्न वीरता पदकों से सम्मानित हुए थे। ऐसे सभी वीरों के बलिदान की अमर गाथाएं आज भी हमारे युवाओं को प्रेरणा देने का काम करती हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन के अनुरूप देहरादून में पांचवें धाम सैन्य धाम का निर्माण कार्य प्रगति पर है। यह धाम उन सभी वीरों को हमारी ओर से एक विनम्र श्रद्धांजलि होगी, जिन्होंने अपने प्राणों की परवाह किये बिना तिरंगे की शान के लिए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए थे। यह सैन्य धाम आने वाली पीढ़ियों के लिए राष्ट्र आराधना के एक दिव्य प्रेरणा पुंज के रूप में कार्य करेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में जवानों का मनोबल तेजी से बढ़ा है। आज हमारे सैनिक अत्याधुनिक हथियारों से लैस हैं, उनकी सहायता और सुरक्षा के लिए विश्व स्तरीय उपकरण उपलब्ध करवाए जा रहे हैं। आज हमारे सैनिकों का मनोबल इतना ऊंचा है कि वो दुश्मन के घर में घुसकर उस पर कार्रवाई करने में समर्थ हैं।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि उत्तराखंड के मुख्य सेवक के रूप में उनका प्रयास रहता है कि सैन्य परिवारों के लिए विशेष योजनाएं बनें, जिससे एक सैनिक को युद्ध में लड़ते समय अपने परिवार की चिंता न हो। राज्य सरकार प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में सैनिकों और उनके परिवार को मिलने वाली सुविधाओं में वृद्धि करने के लिए पूर्ण रूप से प्रतिबद्ध है। राज्य सरकार ने उत्तराखण्ड के वीरता पदक से सम्मानित सैनिकों को देय एकमुश्त अनुदान राशि में भी वृद्धि की है। जिसके तहत परमवीर चक्र से सम्मानित सैनिक को 30 लाख से 50 लाख, महावीर चक्र 20 लाख से 35 लाख, कीर्ति चक्र 20 लाख से 35 लाख, वीर चक्र और शौर्य चक्र 15 से 25 लाख और सेना गेलेन्ट्री मेडल 7 लाख से 15 लाख करने को मंजूरी दी गई। उत्तराखण्ड से द्वितीय विश्व युद्ध में भाग लेने वाले सैनिकों की वीरांगनाओं एवं वेटरन की पेंशन प्रतिमाह 8 हजार रुपये से बढ़ाकर 10 हजार रुपये की है। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और उनकी विधवाओं की प्रतिमाह पेंशन 21 हजार से बढ़ाकर 25 हजार की गई है।

इस अवसर पर सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी, विधायक खजान दास, सचिव सैनिक कल्याण दीपेन्द्र चौधरी, जिलाधिकारी देहरादून सोनिका, एसएसपी  अजय सिंह, निदेशक सैनिक ब्रिगेडियर कल्याण अमृत लाल (से.नि), मेजर जनरल सम्मी सबरवाल(से.नि), रियर एडमिरल ओपीसिंह राणा(से.नि), ब्रिगेडियर केजी बहल(से.नि) एवं पूर्व सैन्य अधिकारी और वीरांगनाएं उपस्थित रहे।

मुख्यमंत्री ने बलिदानी स्क्वाड्रन लीडर अभिमन्यु राय के आवास पर जाकर दी श्रद्धांजलि

सीएम पुष्कर सिंह धामी ने बलिदानी स्क्वाड्रन लीडर अभिमन्यु राय के जैनतंवाला स्थित आवास पहुंचकर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की और शोकाकुल परिजनों को ढांढस बंधाया। उन्होंने इस दौरान बलिदानी के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री ने ईश्वर से पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान देने और शोक संतप्त परिजनों को यह असीम कष्ट सहन करने की शक्ति प्रदान करने की कामना की। इस अवसर पर प्रदेश के सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी भी उपस्थित रहे।

Topics: CM DhamiUttarakhand Newsउत्तराखंड समाचारsacrificeश्रद्धाजंलिtributeबलिदानीबलिदानियों को श्रद्धांजलिtribute to martyrsविजय दिवससीएम धामीVijay Diwas
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