कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने आज एक बार फिर से दिल्ली में मार्च करने जा रही है। इस बार इसे ‘लहरा दो तिरंगा’ नाम दिया गया है। इस वजह से राजधानी में सुरक्षा के इंतजाम बढ़ा दिए गए हैं। यह मार्च कनॉट प्लेस के सेंट्रल पार्क में शाम पांच बजे होने वाली है। सीजेपी ने सोशल मीडिया और प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए लोगों से कहा है कि वे तिरंगा लेकर सेंट्रल पार्क पहुंचें। आम आदमी पार्टी ने भी इस कार्यक्रम का समर्थन किया है और अपने कार्यकर्ताओं से बड़ी संख्या में आने को कहा है।
सेंट्रल पार्क दो दिन बंद
इस बीच नई दिल्ली नगरपालिका परिषद (एनडीएमसी) ने नोटिस जारी कर कहा है कि प्रशासनिक कारणों से कनॉट प्लेस का सेंट्रल पार्क 16 और 17 अक्टूबर को आम लोगों के लिए बंद रहेगा। एनडीएमसी ने दिल्ली पुलिस से पार्क की सुरक्षा के कड़े इंतजाम करने और अनधिकृत लोगों को अंदर न जाने देने का अनुरोध किया है।
कनॉट प्लेस में धारा 163 लागू
दिल्ली पुलिस ने कनॉट प्लेस और आसपास के इलाकों में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 लागू कर दी है। पुलिस का कहना है कि इससे सार्वजनिक जगहों पर शांति बनी रहेगी, लोगों की सुरक्षा होगी और संपत्ति का नुकसान नहीं होगा। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे इस इलाके से दूर रहें। ट्रैफिक पुलिस ने भी सलाह जारी की है। कई मुख्य सड़कों पर ट्रैफिक प्रभावित हो सकता है।
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डीसीपी ने बताए सुरक्षा के इंतजाम
डीसीपी नेहा यादव ने शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि एनडीएमसी ने पुलिस को पत्र लिखकर सेंट्रल पार्क बंद रखने की जानकारी दी है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। त्योहारों के मौसम में कारोबार प्रभावित होने की आशंका को देखते हुए कनॉट प्लेस के व्यापारियों और मार्केट एसोसिएशनों ने भी पुलिस में आवेदन दिए हैं।
व्यापारियों का कहना है कि अवैध जमावड़े से उनके कारोबार पर असर पड़ता है। इस मामले में दिल्ली हाईकोर्ट ने भी व्यापारिक गतिविधियों में बाधा की बात पर गौर किया है। दिल्ली पुलिस ने अदालत को आश्वासन दिया है कि उचित कदम उठाए जाएंगे।
सीजेपी नेता दीपके ने आरोप लगाया है कि अंडरकवर पुलिस वाले उनका पीछा कर रहे हैं। यात्रा से पहले सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी गई है और पुलिस सतर्क है। अधिकारियों का कहना है कि ये कदम किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए उठाए गए हैं। प्रशासन और आयोजकों के बीच बातचीत जारी है।

















