
सोशल मीडिया के जरिए पाकिस्तानी प्रोपागेंडा अकाउंट्स लगातार भारत के खिलाफ नरैटिव फैलाकर भारत के खिलाफ माहौल बनाने की कोशिश की जा रही है। इसी क्रम में पाकिस्तानी प्रोपगैंडा अकाउंट्स लेफ्टिनेंट जनरल राजीव घई का एक वीडियो फैला रहे हैं, जिसमें दावा किया जा रहा है कि उन्होंने दिल्ली के विरोध प्रदर्शनों पर कोई बयान दिया। लेकिन, पीआईबी फैक्ट चेक ने एक वायरल वीडियो को लेकर स्पष्ट किया कि ये AI जेनरेटेड और डीपफेक है।
इस वीडियो में जनरल घई को दिल्ली के प्रदर्शनों के बारे में बोलते दिखाया गया है। लोग इसे शेयर करके यह संदेश दे रहे हैं कि भारतीय सेना के अधिकारी राजनीतिक मुद्दों पर बयान दे रहे हैं।
PIB फैक्ट चेक ने अपनी जांच के बाद कहा कि यह वीडियो पूरी तरह AI-जनरेटेड डीपफेक है। लेफ्टिनेंट जनरल राजीव घई ने दिल्ली के प्रदर्शनों को लेकर ऐसा कोई बयान नहीं दिया। वीडियो को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से एडिट किया गया है। ताकि लोगों को गुमराह किया जा सके।
जनरल घई का असली, अनएडिटेड वीडियो उपलब्ध है। उसमें वे दिल्ली विरोध प्रदर्शनों के बारे में कुछ भी नहीं बोलते। PIB ने मूल वीडियो का लिंक भी शेयर किया है, जहां साफ दिखता है कि फर्जी वीडियो में चेहरे और आवाज को बदल दिया गया है। दरअसल, पाकिस्तानी हैंडल्स इसे जानबूझकर शेयर कर रहे हैं ताकि अफवाहें फैलें और लोगों के मन में भ्रम पैदा हो।