खाड़ी में एक बार फिर से अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध छिड़ गया है, जिससे तनाव गहरा हो गया है। हाल ही में होर्मुज स्ट्रेट में तेल टैंकरों पर हमला भी हुआ था। ऐसे में पाकिस्तानी प्रोपागेंडा अकाउंट सोशल मीडिया के जरिए फेक वीडियो वायरल करके भारत की छवि को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं। इसी क्रम में एक पुरानी तस्वीर वायरल की गई है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि भारत जा रहे एक एलपीजी टैंकर पर ईरान के मिसाइल हमले में आग लग गई है। यह खबर लोगों में घबराहट फैलाने के लिए फैलाई जा रही है। जबकि, फैक्ट चेक में यह खबर फेक निकली।
तस्वीर की असली कहानी
सरकार की फैक्ट एजेंसी के द्वारा की गई पड़ताल में पता चला है कि यह तस्वीर अक्टूबर 2025 की है। उस समय कैमरून के झंडे वाला एलपीजी टैंकर एमवी फाल्कन यमन के एडेन तट के पास था। 18 अक्टूबर 2025 को जहाज पर विस्फोट हुआ और आग लग गई।
जहाज ओमान के सोहर पोर्ट से जिबूती जा रहा था। घटना के समय यह एडेन से करीब 113 नॉटिकल मील दक्षिण-पूर्व में था। आग लगने के बाद जहाज पर सवार 23 भारतीय क्रू मेंबर्स को सुरक्षित बचाया गया। कुछ लोग लापता भी हुए थे।
क्यों फैलाई जा रही है यह खबर
पाकिस्तानी प्रोपागेंडा अकाउंट्स इस पुरानी घटना की तस्वीर को नया रूप देकर चला रहे हैं। वे इसे ईरान के मिसाइल हमले का बताकर भारत से जुड़ा मामला दिखा रहे हैं। असल में यह घटना पूरी तरह अलग जगह और अलग समय की है।
क्या कहते हैं आधिकारिक स्रोत
पीआईबी फैक्ट चेक ने साफ किया है कि यह तस्वीर एमवी फाल्कन टैंकर की है। उस समय जहाज पर आग लगने की वजह से भारतीय क्रू को रेस्क्यू किया गया था। NDTV जैसी न्यूज वेबसाइट ने भी इस घटना की रिपोर्टिंग की थी।

















