
हाल ही में एक खबर आई कि अरुणाचल प्रदेश की सीमा के अंदर चीन ने अतिक्रमण कर लिया है। इस घटना को पाकिस्तान समर्थित प्रोपागेंडा अकाउंट ने फैलाया। इस घटना फैक्ट चेक करते हुए भारतीय सेना के फैक्ट चेक अकाउंट ने स्पष्ट किया कि ये सब भारत को बदनाम करने की साजिश मात्र है।
सेना का दावा है कि पाकिस्तान आधारित कुछ प्रोपगैंडा हैंडल सोशल मीडिया पर यह अफवाह फैला रहे थे कि चीन ने अरुणाचल प्रदेश में भारतीय क्षेत्र आधिकारिक तौर पर कब्जा कर लिया है और भारतीय सेना इसे शर्म के मारे छिपा रही है। लेकिन, अब ये खबर पूरी तरह से झूठ निकली है।
तक्षिंग (अपर सुबनसिरी) इलाके में कुछ स्थानीय लोगों ने सीमा पर चीनी गतिविधियों और सड़क बनाने के बारे में चिंता जताई थी। ये विवादित बॉर्डर एरिया हैं जहां दोनों तरफ गतिविधियां चलती रहती हैं। भारतीय सेना ने इन खबरों को पूरी तरह गलत बताया है। आधिकारिक बयान में कहा गया: “हमने कुछ मीडिया रिपोर्ट्स देखी हैं जिनमें चीनी पीएलए द्वारा अरुणाचल प्रदेश में घुसपैठ और कैंप लगाने का आरोप लगाया गया है। ये रिपोर्ट्स गलत और बिना किसी आधार की हैं।”
इससे लोगों का अपने सैनिकों पर भरोसा कम करने की कोशिश की जाती है। सरकार की फैक्ट चेक एजेंसी पीआईबी ने भी इसे रीपोस्ट करते हुए भारतीय सेना के बयानों और विश्वसनीय डिफेंस सोर्सेज पर भरोसा करने का सुझाव दिया है।