हरिद्वार। उत्तराखंड में सरकारी भूमि को अतिक्रमण मुक्त करने का अभियान लगातार जारी है। जिला प्रशासन ने धामी सरकार (Dhami Government) के विजन पर पुनः कड़ी कार्रवाई करते हुए हरिद्वार में एक और अवैध मजार को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया है।
सहारनपुर-झबेड़ा मार्ग पर सरकारी भूमि पर बनी इस अवैध संरचना को हटाने से पूर्व प्रशासन द्वारा संबंधित पक्ष को विधिवत नोटिस भी दिया गया था।
CM हेल्पलाइन की शिकायत पर हुई त्वरित कार्रवाई
हरिद्वार के जिलाधिकारी (DM) मयूर दीक्षित ने कार्रवाई की जानकारी देते हुए बताया कि मुख्यमंत्री (CM) हेल्पलाइन पर एक शिकायत प्राप्त हुई थी।
- संयुक्त अभियान: शिकायत के क्रम में त्वरित कार्रवाई करते हुए लोक निर्माण विभाग (PWD), राजस्व विभाग एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम का गठन किया गया।
- कार्रवाई का समय: संयुक्त टीम द्वारा सायंकालीन समय में PWD की सड़क पर स्थित इस अवैध मजार को बुलडोजर के माध्यम से ध्वस्त किया गया।
- कानून व्यवस्था: कार्यवाही के दौरान संबंधित विभागों के आला अधिकारी एवं भारी पुलिस बल मौके पर मौजूद रहा, जिससे शांति एवं कानून व्यवस्था पूरी तरह से बनी रही।
नोटिस का नहीं मिला संतोषजनक जवाब
डीएम मयूर दीक्षित ने स्पष्ट किया कि उक्त मजार के संबंध में पूर्व में संबंधित पक्ष को नोटिस जारी किया गया था।
“संबंधित पक्ष को दो बार नोटिस दिया गया था। नोटिस के उपरांत भी किसी प्रकार का संतोषजनक उत्तर अथवा वैध आपत्ति प्रस्तुत नहीं की गई। निर्धारित अवधि पूर्ण होने के पश्चात तथा नोटिस का कोई अनुपालन न होने पर आज नियमानुसार कार्रवाई करते हुए इस अवैध निर्माण को पूरी तरह से हटा दिया गया है।”
धामी सरकार का बड़ा प्रहार: अब तक 590 अवैध मजारें ध्वस्त
उत्तराखंड में अतिक्रमण के खिलाफ मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का रुख बेहद सख्त है। वन भूमि और अन्य सरकारी जमीनों पर हुए अवैध धार्मिक कब्जों को हटाने के लिए राज्य में सघन अभियान चलाया जा रहा है।
| अतिक्रमण का प्रकार | हटाए गए निर्माण की संख्या |
|---|---|
| अवैध मजारें (Illegal Mazars) | 590 |
| अन्य अवैध धार्मिक संरचनाएं | 48 |
राज्य सरकार स्पष्ट कर चुकी है कि देवभूमि के स्वरूप को बिगाड़ने और सरकारी संपत्तियों पर अवैध कब्जा करने वालों के खिलाफ यह अभियान इसी प्रकार जारी रहेगा।













