नई दिल्ली | क्या केवल एक धार्मिक यात्रा किसी सीमावर्ती क्षेत्र की पूरी जनसांख्यिकी और सुरक्षा समीकरणों को बदल सकती है? जम्मू-कश्मीर के पुंछ को लेकर विहिप ने जो जानकारी दी है वो इस बात का साक्षात प्रमाण है…
बता दें कि भारतीय सीमा से सटे कश्मीर घाटी के पुंछ में बिराजमान श्री बाबा बूढा अमरनाथ के दर्शन पूजन हेतु बजरंग दल गत 21 वर्षों से लगातार एक साहसिक यात्रा का संचालन कर रहा है।
पलायन पर विराम और आबादी में वृद्धि
विश्व हिन्दू परिषद के अंतर्राष्ट्रीय संगठन महामंत्री मिलिंद परांडे ने बताया है कि 90 के दशक में घाटी में जिहादी आतंकवाद और सीमापार से लगातार होने वाली गोलाबारी के चलते सदियों पुरानी यह महान यात्रा मृत प्राय: हो गयी थी।
अब श्री बाबा बूढा अमरनाथ साहसिक यात्रा के नाम से प्रति वर्ष चलने वाली इस यात्रा के सहभागी श्रद्धालुओं की संख्या में लगातार बृद्धि हो रही है। इतना ही नहीं, वहाँ से निरंतर होने वाले हिंदुओं के पलायन पर भी विराम लगा है। हमें यह बताते हुए खुशी है कि वहाँ की स्थानीय हिन्दू जनसंख्या में लगभग 4% बृद्धि भी हुई है।
उन्होंने कहा कि बजरंग दल द्वारा प्रतिवर्ष आयोजित होने वाली यह यात्रा का धार्मिक तो है ही, राष्ट्रीय एकात्मता में भी इसका एक महत्त्वपूर्ण योगदान है। यह सीमा पर प्रहरी के रूप में खड़े सेना के जवानों के प्रति सम्मान और गौरव के दर्शन की भी यात्रा है।
बता दें कि इस यात्रा के परिणामस्वरूप यात्रा मार्ग में आने वाले सभी हिन्दू धर्मस्थलों का संरक्षण हुआ है तथा पाकिस्तान से लगी भारत की सीमा पर रहने वाले अल्पसंख्यक हिन्दुओं में ‘‘पलायन नहीं पराक्रम’’ का भाव जागृत हुआ है।
विहिप के अनुसार इस यात्रा में बजरंग दल के देशभर के सभी प्रांतों के कार्यकर्ता भाग लेते हैं। इस बार यह यात्रा 16 अगस्त से 27 अगस्त तक चलेगी।
यात्रा का विस्तृत कार्यक्रम 2026
मिलिंद परांडे ने यात्रा का पूरा ब्योरा देते हुए निम्नलिखित कार्यक्रम की जानकारी दी-
- 16 अगस्त 2026 (सायं 4 बजे): भगवती नगर बेस कैम्प, जम्मू में यात्रा का भव्य उद्घाटन।
- 17 अगस्त (प्रातः 5 बजे): जम्मू से बाबा बूढ़ा अमरनाथजी के दर्शन हेतु पुंछ के लिए प्रस्थान।
- 18 अगस्त (प्रातः 6 बजे): पुंछ से प्रस्थान कर दो घंटे बाद दर्शन और वहाँ से 10 बजे यात्रा की वापसी।
- वापसी मार्ग: वापसी में राजौरी होते हुये सुन्दरबनी में रात्रि विश्राम।
- अगला दिन (सुबह 5 बजे): सुन्दरबनी से यात्रा शिवखोड़ी दर्शन के लिए प्रस्थान करेगी और तत्पश्चात कटरा जाकर सम्पन्न होगी।
नोट: यात्रा का यही क्रम प्रतिदिन रहेगा और हर दिन 4-5 प्रांतों के जत्थे दर्शन करेंगे।
वेब पोर्टल लॉन्च: अब ऑनलाइन होगा रजिस्ट्रेशन
बता दें कि वर्ष 2005 में बजरंगदल द्वारा पुन: प्रारंभ की गई इस यात्रा में अब देशभर से बड़ी संख्या में श्रद्धालु आने लगे हैं। उनकी सुविधा और व्यवस्था की दृष्टि से आज एक वेब पोर्टल भी लॉन्च किया गया-
रजिस्ट्रेशन हेतु आधिकारिक वेबसाइट:
इस पोर्टल के माध्यम से दुनिया में कहीं भी बैठा कोई श्रद्धालु अपना रजिस्ट्रेशन करा सकता है।
बता दें कि श्री बाबा बूढा अमरनाथ यात्रा 2026 की जानकारी को लेकर विहिप के तरफ से दिल्ली में आयोजित हुई हुई इस प्रेस वार्ता में बजरंग दल के राष्ट्रीय संयोजक श्री किशन प्रजापत भी उपस्थित थे।











