खाड़ी संकट के बीच ईरान पर हमला करने की तैयारी कर रहे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फिलहाल के लिए अपने एक्शन को रोक दिया है। उन्होंने ऐसा इसलिए, क्योंकि ईरान ने मिडिल ईस्ट युद्ध को हमेशा से खत्म करने के लिए नया प्रस्ताव दिया है। इसके बाद एक बार फिर से दोनों पक्षों के बीच बातचीत शुरू हो गई है।
क्या है वर्तमान स्थिति?
दरअसल, छह हफ्तों तक अमेरिका-इजरायल के हवाई हमलों और ईरान के जवाबी कार्रवाई के बाद सीजफायर हो गया था। इससे ज्यादातर हिंसा रुक गई। लेकिन ट्रंप खुद कह चुके हैं कि यह सीजफायर “लाइफ सपोर्ट” पर है। कोई बड़ा ब्रेकथ्रू अभी नहीं हुआ है। कुछ इजरायली मीडिया में छपी खबरों के मुताबिक, दुश्मनी फिर शुरू हो सकती है।
ट्रंप का पोस्ट और गल्फ देशों की भूमिका
सोमवार को ट्रंप ने सोशल मीडिया पर लिखा कि कतर, संयुक्त अरब अमीरात और सऊदी अरब के नेताओं ने उनसे अनुरोध किया कि ईरान पर कल होने वाला हमला रोक दें। क्योंकि गंभीर बातचीत चल रही है। उन्होंने दावा किया कि ये देश एक ऐसे डील की उम्मीद रखते हैं जो अमेरिका के लिए स्वीकार्य हो और ईरान को परमाणु हथियार न बनाने दे। ट्रंप ने अपने सैन्य अधिकारियों को निर्देश दिया कि कल का हमला नहीं होगा, लेकिन पूरे पैमाने पर हमले के लिए तैयार रहें।
ईरान का प्रस्ताव
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघई ने कहा कि पाकिस्तान ने ईरान का नया प्रस्ताव अमेरिका तक पहुंचा दिया है। क्षेत्र के कुछ अधिकारियों के अनुसार, ईरान ने कुछ रियायतें दी हैं या दोहराई हैं। इनमें लंबे समय तक अपना परमाणु कार्यक्रम रोकना, अत्यधिक समृद्ध यूरेनियम रूस को सौंपना और हॉर्मुज जलडमरूमध्य को चरणबद्ध तरीके से फिर से खोलना शामिल है। ईरान की सेमी-ऑफिशियल तस्नीम न्यूज एजेंसी ने दावा किया कि बातचीत के दौरान अमेरिका ने ईरान के तेल निर्यात पर प्रतिबंध हटाने पर सहमति जताई है। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
दोनों तरफ से बयान
पाकिस्तान मध्यस्थता कर रहा है, लेकिन वहां से मिली खबरें विरोधाभासी हैं। एक पाकिस्तानी सूत्र ने रॉयटर्स को बताया कि दोनों पक्ष अपने लक्ष्य बदलते रहते हैं और समझौते का समय कम होता जा रहा है। ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले इंटरनेट केबलों पर परमिट लगाने की धमकी दी है। कुछ अधिकारियों ने कहा कि यह जलमार्ग ईरान के “मैनेजमेंट” में रहेगा, जिसका मतलब शिपिंग पर टोल लगाना हो सकता है। अमेरिका इसे स्वीकार नहीं कर रहा। बघई ने कहा कि ईरान हर स्थिति के लिए तैयार है और किसी भी छोटी गलती का उचित जवाब देगा।
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हिंसा अभी भी जारी
सीजफायर के बावजूद ईरान से खाड़ी देशों में अमेरिकी ठिकानों की तरफ ड्रोन छोड़े गए। एक ड्रोन हमले से UAE के न्यूक्लियर प्लांट में आग लग गई। सऊदी अरब ने तीन ड्रोन गिराए। लेबनान में इजरायल ने नए हवाई हमले किए और हिजबुल्लाह ने इजरायली बलों पर हमले जारी रखे। लेबनान-इजराइल के बीच 45 दिन का सीजफायर बढ़ा दिया गया है।

















