नई दिल्ली: राष्ट्र-विरोधी तत्व सुनियोजित साजिश के तहत राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के स्वयंसेवकों की एक एडिटेड तस्वीर वायरल कर भ्रामक दावें कर रहे हैं। इस फर्जी तस्वीर को बड़ी तादाद में इंस्टाग्राम, फेसबुक और सोशल मीडिया साइट X पर साझा किया जा रहा है और संघ को बदनाम करने वाली पोस्टें डाली जा रही हैं। ‘पाञ्चजन्य’ की नजर जब इन भ्रामक दावों पर पड़ी तो इस फोटो का फैक्ट चेक किया गया और राष्ट्र-विरोधी तत्वों की पोल खोली गई। ऐसे कई सोशल मीडिया हैंड्लस का खुलासा हुआ जो एक समान पोस्ट डालकर सुनियोजित साजिश के तहत संघ स्वयंसेवकों की पदयात्रा की एक तस्वीर को AI से एडिट कर सोशल मीडिया पर वायरल कर रहे हैं और लोगों के सामने भ्रामक दावें कर रहे हैं।
फर्जी तस्वीर के साथ फर्जी दावों का ‘पाञ्चजन्य’ ने किया खुलासा
इस तस्वीर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के गणवेश में स्वयंसेवकों को इजराइल का झंडा पकड़े हुए दिखाया गया है। इसे वायरल कर राष्ट्र-विरोधी तत्व यह भ्रामक दावा कर रहे हैं कि संघ स्वयंसेवकों ने इजराइल के समर्थन में रैली निकाली है। इसके कई वीडियो भी बनाए गए हैं और बड़ी तादाद में उनको सोशल मीडिया पर अलग-अलग हैंड्लस के साथ साझा किया गया है। जबकि यह AI एडिटेड तस्वीर है। इस तस्वीर को गूगल के रिवर्स सर्च करके जब देखा गया तो india.com की प्रकाशित एक रिपोर्ट में इस तस्वीर को प्रतीकात्मक तौर पर इस्तेमाल किया गया है। जिसमें संघ के कार्यकर्ताओं के हाथों में तलवार है। AI से एडिट करके इस तस्वीर में स्वयंसेवकों के हाथों में इजराइल का झंझा पकड़वाकर भ्रामक दावों के साथ राष्ट्र विरोधी तत्व इस तस्वीर को काफी लंबे वक्त से साझा कर रहे हैं।

फरवरी से ही इस तस्वीर को किया जा रहा है वायरल
इस तस्वीर को फर्जी तौर पर पेश कर फरवरी से ही वायरल किया जा राह है। Gauravbalande नाम के यूजर ने फरवरी को इस तस्वीर को अपने इंस्टाग्राम पर डाला है। इसके बाद फिर एक इंस्टाग्राम यूजर ने इस तस्वीर को शेयर कर भ्रामक दावें किए हैं। ऐसे ही कई X यूजर्स ने भी इससे ही मिलते-जुलते भ्रामक दावे किये हैं।

गूगल रिवर्स सर्च में ऐसे करीब 8 से ज्यादा हैंडल मिले हैं जिन्होंने इन तस्वीरों को वायरल किया है और फर्जी दावा किया है। गूगल लेंस की मदद से रिवर्स सर्च करने पर यह तस्वीर India.com की वेबसाइट पर 11 दिसंबर 2015 को प्रकाशित मिली। ‘पाञ्चजन्य’ पड़ताल में यह तस्वीर फर्जी निकली है और इसके साथ ही किए गए सभी दावे भी फर्जी हैं। मूल तस्वीर में RSS के कार्यकर्ता इजरायल के झंडे की जगह तलवार लिए हुए हैं।

संघ को बदनाम करने की नियत से राष्ट्र-विरोधी हैंड्लस से वायरल हुई ये तस्वीर
इस तस्वीर को राष्ट्र विरोधी तत्वों ने संघ को बदनाम करने और फेक न्यूज फैलाने की नियत से वायरल किया है। इसे वायरल करने के साथ ही राष्ट्र विरोधी तत्वों ने संघ को अपमानित करने वाले शब्दों का भी अपने पोस्टों में प्रयोग किया है।













