यूपीएससी ने सिविल सेवा परीक्षा (सीएसई) 2026 के लिए नोटिफिकेशन जारी कर दिया है, जिसमें कुछ अहम बदलाव किए गए हैं। ये बदलाव खासतौर पर उन उम्मीदवारों के लिए हैं जो पहले से ही आईएएस, आईपीएस, आईएफएस या अन्य ग्रुप-ए सर्विसेज में चयनित और नियुक्त हो चुके हैं। अब सेवा में रहते हुए बार-बार परीक्षा देने की छूट बहुत सीमित हो गई है।
मुख्य बदलाव क्या हैं?
यूपीएससी का मकसद ये सुनिश्चित करना है कि चयनित अफसर अपनी सेवा पर पूरा फोकस रखें और बार-बार रैंक सुधारने की कोशिश न करें। इसलिए नियम सख्त किए गए हैं।
आईएएस और आईएफएस के लिए सख्त नियम
अगर कोई उम्मीदवार किसी पहले की परीक्षा (2025 या उससे पहले) के आधार पर आईएएस या आईएफएस में नियुक्त हो चुका है और अभी भी उस सर्विस का सदस्य है, तो वो सीएसई 2026 में बिल्कुल नहीं बैठ सकता। यहां तक कि अगर प्रीलिम्स 2026 पास करने के बाद आईएएस/आईएफएस में नियुक्ति हो जाती है, तो मुख्य परीक्षा में बैठने का हक नहीं मिलेगा।
अगर मुख्य परीक्षा शुरू होने के बाद लेकिन फाइनल रिजल्ट से पहले नियुक्ति होती है, तो 2026 के रिजल्ट के आधार पर कोई सर्विस नहीं मिलेगी।
आईपीएस के लिए अलग नियम
पहले से आईपीएस में चयनित या नियुक्त उम्मीदवार सीएसई 2026 में बैठ तो सकता है, लेकिन 2026 के रिजल्ट के आधार पर दोबारा आईपीएस का ऑप्शन चुन नहीं सकता या उसकी पोस्टिंग नहीं हो सकती।
2026 में चयनित उम्मीदवारों के लिए एक मौका
अगर कोई उम्मीदवार सीएसई 2026 से आईपीएस या किसी ग्रुप-ए सेंट्रल सर्विस में चयनित होता है, तो वो सिर्फ एक बार सीएसई 2027 में रैंक सुधारने के लिए बैठ सकता है। ये छूट सिर्फ फाउंडेशन कोर्स तक के लिए है और ट्रेनिंग ऑफिसर से अनुमति लेनी जरूरी है। अगर ट्रेनिंग जॉइन नहीं करते या छूट नहीं लेते, तो 2026 वाली सर्विस कैंसल हो जाएगी। 2027 के बाद (यानी 2028 या आगे) परीक्षा देने के लिए सर्विस से इस्तीफा देना जरूरी होगा।
पुराने चयनित उम्मीदवारों के लिए स्पेशल प्रावधान
2025 या उससे पहले की परीक्षाओं से चयनित उम्मीदवारों को एक आखिरी मौका दिया गया है। वो बिना इस्तीफा दिए सीएसई 2026 या 2027 में अपने बचे हुए प्रयासों का इस्तेमाल कर सकते हैं।
कई और भी बदलाव
- सभी परीक्षाओं में फेस ऑथेंटिकेशन (एआई से चेहरा जांच) अनिवार्य कर दिया गया है, ताकि नकल रुके।
- दिव्यांग उम्मीदवारों को उनकी पसंद का सेंटर मिलेगा।
- प्रीलिम्स के बाद आंसर-की जारी होगी, आपत्ति दर्ज करा सकेंगे। फाइनल आंसर-की रिजल्ट के साथ आएगी।











