गणतंत्र दिवस से पहले ही देश की राजधानी दिल्ली समेत उत्तर भारत के कई शहर आतंकियों के निशाने पर हैं। इसमें बांग्लादेशी, खालिस्तानी और आईएसआई के गठजोड़ की खबर सामने आ रही है। सुरक्षा एजेंसियां इसको लेकर अलर्ट पर हैं। हालात को देखते हुए दिल्ली और कुछ अन्य शहरों में सुरक्षा के लिहाज से सतर्कता बरती जा रही है।
बांग्लादेशी आतंकियों के निशाने पर दिल्ली
दिल्ली पुलिस और खुफिया एजेंसियां इन दिनों काफी अलर्ट मोड पर हैं। खासकर लाल किले के बाहर नवंबर 2025 में हुए उस बड़े धमाके के बाद से सुरक्षा व्यवस्था और सख्त हो गई है। उस घटना में कई लोग मारे गए थे, जिसके बाद एजेंसियां किसी भी तरह के रिस्क को लेकर बिल्कुल तैयार नहीं बैठना चाहतीं। अब खुफिया इनपुट्स से पता चला है कि बांग्लादेश से जुड़े कुछ आतंकी संगठन दिल्ली को मुख्य टारगेट बना रहे हैं। इनके साथ खालिस्तान समर्थित ग्रुप्स भी मिलकर काम कर रहे हैं।
कई शहर आतंकियों के निशाने पर
एजेंसियों को मिली सूचनाओं के अनुसार, ये लोग गणतंत्र दिवस यानी 26 जनवरी 2026 से ठीक पहले दिल्ली समेत उत्तर भारत के कुछ बड़े शहरों में हमले की कोशिश कर सकते हैं। प्लान ऐसा है कि एक साथ कई जगहों पर तबाही मचाई जाए। इसमें स्थानीय गैंगस्टरों और क्रिमिनल नेटवर्क का इस्तेमाल किया जा रहा है। खास बात यह है कि विदेश में बैठे मास्टरमाइंड्स इन गैंगस्टरों को हैंडल कर रहे हैं, जो दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और राजस्थान जैसे इलाकों में सक्रिय हैं। ये गैंगस्टर जमीनी स्तर पर काम करके आतंकी गतिविधियों को सपोर्ट कर रहे हैं।
बांग्लादेशी आतंकी और खालिस्तानी गठजोड़
खुफिया रिपोर्ट्स में बांग्लादेश स्थित आतंकी ग्रुप्स और खालिस्तानी संगठनों का जिक्र है। इन दोनों के बीच कनेक्शन दिख रहा है। इसमें आईएसआई जैसी एजेंसियों के भी शामिल होने की आशंका है। एजेंसियां मान रही हैं कि ये लोग हाइब्रिड तरीके से हमले की कोशिश कर सकते हैं, यानी आतंकी और क्रिमिनल दोनों तरह के नेटवर्क का इस्तेमाल करके।
सुरक्षा के क्या इंतजाम किए गए हैं?
दिल्ली पुलिस, आईबी और अन्य एजेंसियां पूरी तरह सक्रिय हैं। संवेदनशील जगहों जैसे लाल किला, चांदनी चौक, कश्मीरी गेट, सदर बाजार और आईएसबीटी इलाकों में मॉक ड्रिल चल रही हैं। संदिग्ध लोगों की तलाश तेज कर दी गई है। मेट्रो स्टेशनों, बाजारों और चौराहों पर ‘मोस्ट वांटेड’ आतंकियों के पोस्टर लगाए गए हैं। सुरक्षा बलों ने पैनी नजर रखनी शुरू कर दी है ताकि कोई भी संदिग्ध गतिविधि हो तो तुरंत पकड़ी जा सके। कई राज्यों में भी हाई अलर्ट जारी किया गया है।

















