बरेली जनपद में बरेली विकास प्राधिकरण ने वाहिद बेग के बारात घर को बुलडोजर चला कर ध्वस्त कर दिया। इसके पहले बारात घर को सील किया गया था। जांच में पाया गया कि इस बारात घर का नक्शा स्वीकृत नहीं कराया गया था। इसके पश्चात प्राधिकरण ने भारी फोर्स के साथ बारात घर को गिरा दिया। इसका मालिक वाहिद बेग गत 26 सितंबर को हुई हिंसा के बाद से फरार है। वाहिद बेग, मौलाना तौकीर राजा का करीबी है।
उल्लेखनीय है कि गत 26 सितंबर को बरेली में हुई हिंसा में तकरीर राजा की मुख्य भूमिका थी। तौकीर रजा के साथ वाहिद बेग भी षड्यंत्र रचने में शामिल था। पुलिस का कहना है कि दंगाइयों की बैठक इसी बारात घर में हुई थी। हिंसा के पश्चात पुलिस ने इस मामले में 11 एफआईआर दर्ज की थी। इस मामले में अभी तक 80 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। तौकीर रजा अभी भी भाई फरार है।
तौकीर रजा पर भड़काऊ गतिविधियों का आरोप
तौकीर रजा पर आरोप है कि उसने रातों-रात माहौल को भड़काने की कोशिश की, उसमें मुख्य रूप से तौकीर रजा और उनके समर्थकों का नाम सामने आया था। हिंसा होने के पहले लगातार प्रशासन तौकीर रजा से बातचीत करता रहा, लेकिन रात करीब 11 बजे एक लेटर वायरल किया गया, जिसमें कहा गया कि आंदोलन नहीं होगा, जुलूस नहीं निकलेगा। फिर देर रात डेढ़ बजे दावा किया गया कि पत्र फर्जी है। इसके बाद बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर आ गए और ‘आई लव मुहम्मद’ के साथ ‘सर तन से जुदा’ जैसे भड़काऊ नारे लगाने लगे। इसके बाद उपद्रवियों ने ईंट-पत्थर और पेट्रोल बम चलाकर माहौल बिगाड़ने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए स्थिति को तुरंत नियंत्रण में ले लिया।
















