पीएचडी चैंबर ऑफ कॉमर्स के महासचिव रंजीत मेहता ने पाञ्चजन्य गोवा सागर मंथन 4:0 में कहा कि हर आदमी यह सोचता है कि हमें एक बार गोवा जरूर जाना चाहिए। गोवा का टूरिज्म में यह स्थान है क्योंकि यहां की जड़े हमारी संस्कृति में गहराई से जुड़ी हैं। उन्होंने कहा कि मैं 1991 में गोवा आया था और उसके बाद हाल ही में दो-तीन बार आ चुका हूं, सड़क किनारे दुकान वाले और व्यापार करने वालों से पूछा कि आपको गोवा में क्या बदलाव दिख रहा है तो उन्होंने बताया कि पहले हम सीजन टू सीजन तैयारी करते थे लेकिन अब हमें पूरे सालभर की तैयारी करनी पड़त है। उस एक वाक्य ने मेरा ध्यान खिंचा अगर ये छोटा व्यापारी सीजन की जगह पूरे सालभर की तैयारी कर रहा है तो जरूर हमारा इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत हुआ है। डिलिवरी बढ़िया हुई है। गोवा ने अब पूरे सालभर के टूरिज्म का शेप ले लिया है। यह एक अहम बदलाव है।
उन्होंने मोपा एयरपोर्ट के इंफ्रास्ट्रक्चर की तारीफ की और इसे दूरदृष्टि वाला कदम बताया। उन्होंने कहा कि गोवा मे गांवों को डिजिटली जोड़ा गया है। उन्होंने कहा कि मोबाइल आपके हाथ में है और आप दुनिया में कहीं भी जा सकते हैं किसी को भी पेमेंट दे सकते हैं। तकनीक ने हमारे जीवन में ट्रांसफॉर्म ला दिया है। यही ट्रांसफॉर्म कृषि में भी लाना है। भारत सरकार ने ऐसी कई स्कीम बनाई हैं कि नॉर्थ ईस्ट में बैठा कोई भी या फिर कहीं का भी कोई किसान, अपने मोबाइल की पावर से दुनिया में मार्केट कर सकता है। गर्वमेंट के ई-मार्केट प्लेस भी हैं। उन्होंने कहा कि भारत दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है। अब हमें जर्मनी को पछाड़कर दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनना है। यह तीन-चार साल में हो जाएगा। उन्होंने कहा कि तीसरी से दूसरे नंबर पर आना हमारे लिए चुनौती रहेगा।
पीएचडी चैंबर ऑफ कॉमर्स के महासचिव रंजीत मेहता ने टैरिफ का भी जिक्र किया और इसमें भारत के कदम को प्रभावी बताया है। उन्होंने कहा कि भारत ने हमेशा अपने किसानों का हित देख है। यह नरेंद्र मोदी सरकार की स्ट्रॉन्ग लीडरशिप का परिचय है। हमने ग्लोबल इकॉनमी ऑर्डर को अपने पक्ष में किया है। उन्होंने भारत की विदेश नीति को प्रभावी बताया और कहा कि हम नए व्यापार की खोज कर रहे हैं और अपने कूटनीति चैनल को जिस तरह से यूज कर रहे हैं। यह नया भारत है जो झुकेगा नहीं बल्कि अपनी ग्रोथ को डिफाइन करेगा। भारत की मार्केटिंग में तेजी से बदलाव आया है। उन्होंने कहा कि भारत आज दुनिया का सबसे बड़ा बाजार है और हर देश भारत के बाजार में अपना विस्तार करना चाहता है। आज हम मोबाइल को एक्सपोर्ट कर रहे हैं। भारत की ग्रोथ से पूरी दुनिया चौंक गई है।













