बांग्लादेश में हिंदू युवक दीपू चंद्र दास की इस्लामिक कट्टरपंथियों द्वारा पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। मोहम्मद यूनुस सरकार की नाकामी और अव्यवस्था के चलते बांग्लादेश में हालात बेकाबू हो गए हैं। कट्टरपंथियों की भीड़ अलग-अलग शहरों में हिंदू परिवारों को अपना निशाना बना रही है। इस बीच एक बड़ी खबर सामने आई है। भारतीय वकील विनीत जिंदल ने हिंदू अल्पसंख्यक दीपू चंद्र दास की सार्वजनिक हत्या व यातना के मामले में यूएनओ में बांग्लादेश सरकार के खिलाफ औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। विनीत जिंदल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर सोमवार (22 दिसंबर) को शिकायत की कॉपी शेयर कर इसकी जानकारी दी।
अंतरराष्ट्रीय हिंदू सेवा संघ के अध्यक्ष एवं अधिवक्ता विनीत जिंदल ने यूएन ओएचसीएचआर (संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त कार्यालय) में बांग्लादेश सरकार के विरुद्ध हिन्दू अल्पसंख्यक दीपू चंद्र दास की सार्वजनिक हत्या व यातना मामले में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। सुप्रीम कोर्ट में वकील जिंदल के अनुसार बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों की लगातार हो रही हत्याओं व अत्याचारों पर निष्पक्ष जांच और कठोर कार्रवाई की मांग की गई है।

बांग्लादेश में बेकाबू होते हालात
बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों पर इस्लामी कट्टरपंथियों द्वारा हमले, हत्या, लूट, आगजनी और महिलाओं पर हो रहे अमानवीय अत्याचार लगातार जारी हैं। हाल ही में मैमनसिंह में कट्टरपंथियों की भीड़ ने हिंदू दीपू चंद्र दास की पीट-पीटकर नृशंस हत्या दी और शव को पेड़ से बांधकर जला दिया। कट्टरपंथियों के हाथों बेरहमी से मारे जाने से पहले दीपू चंद्र दास पुलिस की हिरासत में थे। बताया जा रहा है कि दास पर एक नहीं बल्कि दो बार हमला हुआ था। दीपू ने इस बारे में पुलिस में शिकायत भी की थी। इसके बावजूद बांग्लादेश की पुलिस इन कट्टरपंथियों के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर पाई, जिसके कारण दूसरे हमले में उसकी जान ले ली गई। ऐसा लग रहा है जैसे सब कुछ जानबूझकर होने दिया जा रहा है। बांग्लादेश की मशहूर लेखिका तस्लीमा नसरीन ने भी दावा किया है, कि उनके देश में मारे गए हिंदू युवक दीपू के साथ काम करने वाले एक मुस्लिम कर्मचारी ने उस पर पैगंबर के बारे में अपमानजनक टिप्पणी का आरोप लगाकर अपनी निजी दुश्मनी निकाली है।
जानें कौन हैं विनीत जिंदल
विनीत जिंदल पेशे से वकील हैं। वह दिल्ली में वीजे लॉ एसोशिएट्स नाम से एक लॉ फर्म चलाते हैं। यह कंपनी भारत के साथ-साथ विदेश में कानूनी सेवाएं मुहैया कराती है। जिंदल सोशल मीडिया पर हिंदुओं, हिंदू संस्कृति के खिलाफ जहर उगलने वालों और खालिस्तानी चरमपंथियों को लेकर काफी मुखर रहे हैं। वह अंतरराष्ट्रीय हिंदू सेवा संघ के अध्यक्ष भी हैं। विनीत जिंदल ने इस वर्ष जून में विवादित पोस्ट को लेकर फैक्ट-चेकिंग वेबसाइट ऑल्ट न्यूज के सह-संस्थापक मोहम्मद जुबैर के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने अपनी शिकायत में जुबैर पर आरोप लगाया था कि उसने एक घिनौने कार्टून के जरिए हिंदू संस्कृति, आचार्य चाणक्य का शर्मनाक और जानबूझकर अपमान किया है। इसी वजह से उन्हें कई बार खालिस्तानी समर्थकों और अन्य कट्टरपंथियों की तरफ से जान से मारने की धमकी भी मिल चुकी है।

















