लुधियाना । बीती देर रात हिन्दुत्त्वनिष्ठ संगठनों ने पंजाब के लुधियाना जिले में समराला के नजदीक सरहिंद नहर के किनारे स्थित वन क्षेत्र में एक गायों की हत्या कर मास तैयार करने वाले बुचडखाने का भंडाफोड़ किया है, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और लगभग 10 मारी गई गायों के अंग बरामद किए, जबकि 9 को मौके पर ही बचा लिया गया।
हिन्दुत्त्वनिष्ठ संगठनों और पुलिस की कार्रवाई
इस संबंध में जानकारी देते हुए, संयुक्त गौ संरक्षण के राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरप्रीत सिंह, पंजाब अध्यक्ष निकसन कुमार, शिवसेना युवा अध्यक्ष रमन वडेरा, राष्ट्रीय अध्यक्ष डी.डी. राणा, चंद्र शेखर, साजन, तरुण कपिल, अमित कपूर, रमन अग्रवाल और संदीप बलिया ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि सरहिंद नहर के पास मुश्कबाद के वन क्षेत्र में गायों का वध कर उनके मांस की तस्करी की जा रही है। उन्होंने इस संबंध में पुलिस को सूचना दी और बुचडख़ाने पर छापा मारा गया। सूचना मिलते ही डीएसपी तरलोचन सिंह, पुलिस थाना प्रमुख पवितर सिंह और इंस्पेक्टर हरविंदर सिंह भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। आरोपी गायों का वध करके मौके से फरार हो गए, जिसमें से पुलिस ने एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया है।
भयावह दृश्य और गौ संरक्षण की पहल
इस वन क्षेत्र में चल रहे अवैध बुचडखाने का दृश्य बेहद भयावह था क्योंकि वहां बड़ी संख्या में गायों का मांस और उनके कंकाल बिखरे पड़े थे। इनमें से कुछ गायों के मांस को तिरपाल में लपेटकर रखा हुआ था जिसे तस्करी के लिए ले जाया जाना था। गौ संगठनों की उपस्थिति में पंडितों ने नियमों के अनुसार वध की गई गायों को दफना दिया।
गायों के अंगों को दफनाने का तरीका
गायों को मारकर मांस की तस्करी करने वाले बूचडख़ाने चलाने वाले तस्करों ने इस वन क्षेत्र में गड्ढे खोदकर रखे हुए थे ताकि मांस निकालने के बाद बचे हुए अंगों को इनमें दफनाया जा सके। जब मृत गायों को दफनाने के लिए गड्ढा खोदा गया, तो मिट्टी में पहले से दफनाई गई गायों के अंग भी मिले, जिससे यह स्पष्ट हो गया कि पहले भी यहां गायों को मारा गया था और उनके अंगों को दफनाया गया था। यहां एक गुर्जर समुदाय का डेरा भी है, जिसे उन्होंने वन क्षेत्र की आड़ में बनाया हुआ है और जहां वह अवैध बूचडख़ाना चला रहे थे।
माछीवाड़ा क्षेत्र में गौहत्या की तीसरी घटना
माछीवाड़ा क्षेत्र में गौहत्या की यह तीसरी घटना है। इससे पहले, गायों को मारकर उनके अंग सरहिंद नहर में तैरते हुए पाए गए थे, जिस पर पुलिस ने मामला दर्ज किया था। कुछ महीने पहले भी माछीवाड़ा पुलिस ने एक अवैध बूचडख़ाने का भंडाफोड़ किया था और आरोपियों को पकडक़र जेल भेज दिया था। आज माछीवाड़ा क्षेत्र में गाय के मांस की तस्करी करने वाले इस अवैध बुचडख़ाने का तीसरा मामला सामने आया है। डीएसपी तरलोचन सिंह ने बताया कि आज की घटना के संबंध में पुलिस ने एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है और अन्य अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। उन्होंने बताया कि 10 गायों को बचाकर गौशाला भेज दिया गया है और बाकी को दफना दिया गया है। डीएसपी ने कहा कि इस मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और बाकी को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
शिवसेना हिंद के निशांत शर्मा का बयान
माछीवाड़ा के जंगलों में गुरु साहिब ने अपने चरण डाले वहां गायों का रक्त बहाना बड़ा पाप है- निशांत शर्मा शिव सेना हिंद के राष्ट्रीय प्रमुख निशांत शर्मा भी घटनास्थल पर पहुंचे और गायों की हत्या पर गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि माछीवाड़ा के जंगलों में, जहां दसवें गुरु श्री गुरु गोबिंद सिंह जी ने अपने परिवार के बलिदान के बाद अपने चरण डाले वहां लगातार गायों की हत्या करना और उनका रक्त बहाना बड़े पाप से कम नहीं है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार और खुफिया एजेंसियों को इन अवैध बूचडख़ानों को चलाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इस बात की भी जांच की जाएगी कि गोमांस किन होटलों को पहुंचाया जाना था और उनके खिलाफ मामला दर्ज किया जाना चाहिए। हिंदू नेता निशांत शर्मा ने कहा कि वे आज ही हिंदू संगठनों की बैठक बुलाएंगे जिसमें वे लगातार हो रही गौहत्याओं को रोकने के लिए संघर्ष की योजना बनाएंगे।















