राजधानी देहरादून में सरकारी जमीन पर अतिक्रमण को लेकर DM सविन बंसल ने सभी सरकारी विभागों को तय समय में अवैध अतिक्रमण हटाने के सख्त निर्देश दिए हैं। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सरकारी जमीन को अतिक्रमण से मुक्त कराने के लिए अभियान शुरू किया है।
जिला मजिस्ट्रेट सविन बंसल ने सरकारी संपत्तियों से अवैध अतिक्रमण हटाने के संबंध में सख्त निर्देश जारी किए। डीएम ने साफ कहा कि जिले में किसी भी सरकारी ज़मीन, बिल्डिंग, सड़क, नहर या दूसरी प्रॉपर्टी पर कब्ज़ा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने सभी डिपार्टमेंट को निर्देश दिया कि कब्ज़ा हटाने का प्रोसेस तय समय में पूरा किया जाए, नहीं तो सैलरी रोकने से लेकर सस्पेंड करने तक की सख्त कार्रवाई की जाएगी। मीटिंग में हरबर्टपुर म्युनिसिपैलिटी के EO ने अतिक्रमण के मामलों में सिर्फ़ “लेटर भेजने” का हवाला दिया, जिससे DM नाराज़ हो गए।
डीएम ने स्पष्ट शब्दों में कहा “चिठ्ठीबाजी से बाज आएं, हमें जमीनी कार्रवाई चाहिए। दो दिन में हरबर्टपुर से अतिक्रमण नहीं हटाया गया तो निलंबन तय है।” अतिक्रमण-मुक्त परिसम्पत्तियों का प्रमाण पत्र अनिवार्य, जिन विभागों की परिसम्पत्तियों पर अतिक्रमण नहीं है, उन्हें उसी समय प्रमाण पत्र सौंपने और गूगल शीट में डेटा अपडेट करने के निर्देश दिए गए।
दो दिन में पूरी रिपोर्ट: मैपिंग- फुटेज-अभिलेख सब अनिवार्य
डीएम ने कहा कि अतिक्रमण न केवल सरकारी योजनाओं में बाधा है, बल्कि यह जनसुविधाओं व कानून-व्यवस्था को भी प्रभावित करता है। सभी विभागों को दो दिन के भीतर निम्न विवरण उपलब्ध कराने के आदेश-
परिसम्पत्ति विवरण
- अतिक्रमण की वर्तमान स्थिति
- साइट मैपिंग व वीडियोग्राफी
- राजस्व अभिलेखों का मिलान
- पुलिस बल की उपलब्धता
- विभागवार प्रगति रिपोर्ट
नगर निकाय
- विकासनगर नगरपालिका: 2 प्रकरण; 1 उच्च न्यायालय में लंबित, 1 में पीपी एक्ट नोटिस
- डोईवाला नगरपालिका: 3 में से 1 अतिक्रमण-मुक्त, 2 पर पीपी एक्ट नोटिस
- मसूरी नगरपालिका: 99 चिन्हित; 09 हटाए
- हरबर्टपुर: 3 चिन्हित; कार्रवाई लंबित- 2 दिन की अंतिम चेतावनी
लोनिवि (PWD)
- प्रांतीय खंड: 125 में से 87 अतिक्रमण हटाए
- ऋषिकेश खंड: 274 में से 79 अतिक्रमण-मुक्त
- राष्ट्रीय राजमार्ग (NH)
- देहरादून NH: 4 में से 2 हटाए
- डोईवाला NH: 9 में से 7 हटाए
सिंचाई विभाग
- 315 में से 221 अतिक्रमण-मुक्त
- नगर निगम देहरादून
- 203 में से 194 अतिक्रमण हटाए
राजस्व विभाग
- तहसील सदर: 54 में से 49 हटाए
- विकासनगर: 34 में से 20 हटाए
- डोईवाला: 26 में से 19 हटाए
- ऋषिकेश: 46 में से 30 हटाए
- चकराता/कालसी/त्यूनी: 15 चिन्हित
- रिस्पना बिंदाल मालदेवता से भी हटेगा
जिला प्रशासन ने पिछली बारिश के भयावह रूप देखते हुए दून घाटी की बरसाती नदियों किनारे अवैध रूप से बसी बस्तियों को हटाने के लिए भी कमर कस ली है। राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण नैनीताल हाई कोर्ट ने भी इस बारे में पहले ही निर्देश जारी कर दिए हैं।

















