कांग्रेस पार्टी का जनाधार राज्य दर राज्य तेजी से घटता जा रहा है। वर्तमान में देश की सभी 31 विधानसभाओं के कुल 4123 विधानसभा की सीटों में कांग्रेस पार्टी के पास महज 644 विधायक हैं जो कुल संख्या बल का करीब 16 प्रतिशत है। हाल ही में संपन्न बिहार विधानसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी के सीटों की संख्या 19 से घटकर एक तिहाई 6 रह गई है। वर्तमान में देश के कुल 31 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के विधानसभाओं में छह में कांग्रेस पार्टी का कोई भी विधायक नहीं है।
ये प्रदेश हैं पश्चिम बंगाल, आंध्र प्रदेश, दिल्ली, मेघालय, नागालैंड और सिक्किम। इन छह राज्यों में विधानसभा सीटों की कुल संख्या 691 है। नौ राज्यों में कांग्रेस पार्टी के विधायकों की संख्या एक अंक में सिमट गई है। ये प्रदेश हैं अरुणाचल प्रदेश, मिजोरम, पुडुचेरी, उत्तर प्रदेश, गोवा, त्रिपुरा, मणिपुर, बिहार और जम्मू और कश्मीर। इन नौ राज्यों में कुल कुल 1027 विधायकों में कांग्रेस पार्टी के पास महज 29 विधायक हैं। इन राज्यों में देश की सबसे बड़ी विधानसभा की सीटों वाली राज्य उत्तर प्रदेश भी शामिल है। फिर भी 1718 विधानसभा की राज्यों में कांग्रेस पार्टी के पास एक प्रतिशत से भी कम 15 विधायक है।
चार राज्यों में शून्य पर सिमटी कांग्रेस
चार विधानसभाओं आंध्र प्रदेश, दिल्ली,नागालैंड और सिक्किम में कांग्रेस पार्टी विगत दो विधानसभा चुनावों से शून्य सीट पर सिमट रही है। दिल्ली और सिक्किम की विधानसभा में कांग्रेस पार्टी विगत तीन विधानसभा चुनाव में शून्य पर सिमट रही है।
तीन राज्यों में अभी भी सत्ता में है कांग्रेस
कांग्रेस पार्टी वर्तमान में तीन राज्यों हिमाचल प्रदेश, तेलंगाना और कर्नाटक में सत्ता में है। इन तीनों राज्यों में कुल 411 विधानसभा की सीट है, जिसमें कांग्रेस पार्टी के पास 254 विधायक हैं। कांग्रेस पार्टी गठबंधन के साथ झारखंड, तमिलनाडु और जम्मू कश्मीर की सरकारों में सहभागी है। पार्टी का गिरता प्रदर्शन चिंतन का विषय है। सभी विगत विधानसभाओं में कांग्रेस पार्टी की सदस्य संख्या 895 थी जो वर्तमान में घटकर 644 रह गई है। अब कांग्रेस पार्टी उन्हीं राज्यों में मजबूत हैं जहाँ वो मुख्य मुकाबले में है।



पश्चिम बंगाल का हाल
पश्चिम बंगाल में कांग्रेस पार्टी ने उपचुनाव में सागरदिघी विधानसभा की सीट पर जीत दर्ज़ की थी, लेकिन विधायक बायरन बिस्वास ने पार्टी छोड़कर तृणमूल कांग्रेस में शामिल हो गए। मेघालय विधानसभा में भी कांग्रेस पार्टी के 5 सदस्य थे मगर 4 विधायकों ने पार्टी छोड़कर नेशनल पीपल्स पार्टी में शामिल हो गए और एक विधायक सालेंग ए संगमा के तुरा से लोकसभा सांसद बनने के बाद उपचुनाव में एनपीपी ने उपचुनाव जीता। इस उपचुनाव का बड़ा परिवर्तन रहा कि 2023 में यह सीट जीतने वाली कांग्रेस पार्टी उपचुनाव में तीसरे पायदान पर आ गई।
अगले वर्ष हैं 5 राज्यों के चुनाव
अगले वर्ष 2026 में केरल, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, असम और पुडुचेरी में विधानसभा के चुनाव आहूत हैं। इन सभी प्रदेशों के विधानसभा में कुल 824 सीटों की संख्या है। इसमें कांग्रेस पार्टी के पास महज 64 विधायक हैं जो कुल संख्या बल का 7.76 प्रतिशत है। मगर कांग्रेस पार्टी का कोई भी तैयारी नहीं दिख रही है।











