नई दिल्ली: दिल्ली के मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मंगलवार को आईटीओ स्थित हाथी घाट पर उगते सूर्य को अर्घ्य दिया। इस दौरान के साथ दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा और लक्ष्मी नगर विधायक मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने दिल्ली के ढाई करोड़ लोगों के लिए छठ मैया से सुख समृद्धि की प्रार्थना की। उन्होंने यहां छठव्रतियों को संबोधित किया। रेखा गुप्ता ने कहा कि इस बार लोगों को यमुना स्थित घाटों पर पूजा करने का मौका मिला, पहले उन्हें मजबूरी में इधर-उधर छठ मैया की पूजा करनी पड़ी थी।
दिल्ली सरकार ने इस बार 17 मॉडल घाटों के साथ-साथ 1300 से ज्यादा घाटों पर सारी व्यवस्थाएं उपलब्ध कराई है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बार दिल्ली पूरी तरह से छठ में हो गई है। देश भर में दिल्ली की छठ की चर्चा है। उन्होंने कहा कि छठ पूजा का प्रातः अर्घ्य हमें स्मरण कराता है कि प्रत्येक नया दिन एक नई शुरुआत का अवसर लेकर आता है। सूर्यदेव को अर्पित यह अर्घ्य जीवन में ऊर्जा भरता है, विश्वास जगाता है और अनुशासन की प्रेरणा देता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज छठ पूजा के पावन अवसर पर दिल्ली की यमुना भी उसी दिव्य ऊर्जा से आलोकित हो रही है। उन्होंने कहा कि विकसित भारत के साथ विकसित विकसित दिल्ली का सपना भी पूरा होगा।
उन्होंने पिछली आप सरकार को आड़े हाथ लेकर कहा कि पहले पूर्वांचल के लोग कृत्रिम घाटों पर भटकते थे। अब यमुना किनारे पूजा कर रहे हैं। रेखा गुप्ता ने कहा कि पिछले वर्ष तक पूर्वांचल के भाई बहन गली मोहल्ले में कृत्रिम घाटों पर छठ पूजा के लिए भटकते थे। इस बार यमुना घाट किनारे यमुना के जल में खड़े होकर सूर्यनारायण को अर्घ्य दे रहे हैं। उन्होंने छठी मईया से प्रार्थना करते हुए कहा कि वर्षों से दिल्ली मुरझाई हुई थी वर्षों से दिल्ली तकलीफ में थी। छठी मैया दिल्ली के खुशी के दिन लौटा दें। सबके चेहरे पर मुस्कान ला दें।















