पंजाब पुलिस के स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल अमृतसर ने एक आतंकवादी मॉड्यूल के मुख्य संचालक को गिरफ्तार करके उसके कब्जे से लगभग 2.5-2.5 किलोग्राम वजऩ वाले दो इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (आइइडीज़), जो हाई-ग्रेड आरडीएक्स से धातु के कन्टेनरों में पैक किए गए थे और धमाके के लिये टाइमरों से लैस थे, तथा एक आधुनिक .30 बोर पिस्तौल और गोला-बारूद बरामद किए गए हैं। यह जानकारी आज यहां पंजाब पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) गौरव यादव ने दी।
पहले भी दर्ज हैं मामले
गिरफ्तार आरोपी की पहचान मनप्रीत सिंह उर्फ टिड्डी, निवासी गांव कोटला तरखाना, अमृतसर के रूप में हुई है। यह व्यक्ति आपराधिक पृष्ठभूमि वाला है और इसके खिलाफ थाना सदर बटाला और कलानौर में दो आपराधिक मामले दर्ज हैं। गुरदासपुर और अमृतसर की जेलों में लगभग डेढ़ साल की सज़ा पूरी करने के बाद इसे फरवरी 2025 में रिहा किया गया था और जेल से बाहर आने के बाद उसने फिर से आपराधिक गतिविधियां शुरू कर दीं।
विदेशों में बैठे हैंडलरों के इशारे पर करता था काम
डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि यह आरोपी आर्मेनिया, यूनाइटेड किंगडम (यूके) और जर्मनी में स्थित अपने हैंडलरों के निर्देशों पर काम कर रहा था, जिन्हें एक प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन के पाकिस्तान-स्थित मास्टरमाइंड से आदेश मिल रहे थे। उन्होंने कहा कि इस मामले के अन्य संबंधों का पता लगाने और पूरे नेटवर्क को उजागर करने के लिए आगे की जांच जारी है।
टाइमरों से लैस आइइडी में भरा हुआ था आरडीएक्स
इस ऑपरेशन के बारे में जानकारी देते हुए एआईजी एसएसओसी अमृतसर सुखमिंदर सिंह मान ने बताया कि गुप्त सूचना पर कार्रवाई करते हुए टीम ने संदिग्ध मनप्रीत सिंह उर्फ टिड्डी को गिरफ्तार किया और उसके पास से .30 बोर की पिस्तौल और कारतूस बरामद किए। आरोपी के खुलासे पर गांव कोटला तरखाना क्षेत्र से दो आइइडीज़ भी बरामद की गईं, जो हाई-ग्रेड आरडीएक्स से धातु के कन्टेनरों में पैक की गयी थीं और धमाके के लिये टाइमरों से लैस थीं।
पहले भी ड्रोन से आई थी हथियारों की खेप
एआईजी ने बताया कि जांच में यह भी सामने आया कि लगभग दो हफ्ते पहले, जब्त की गयी यह खेप पाकिस्तान-आधारित हैंडलर द्वारा अजनाला सेक्टर में ड्रोन के जरिए भेजी गई थी। गिरफ्तार व्यक्ति ने यह खेप प्राप्त कर अपने गांव कोटला तरखाना के पास एक नहर के किनारे छिपा दी थी। उसके हैंडलरों ने उसे सतर्क रहने और इन आइइडीज़ को इच्छित प्रयोग के लिये किसी अन्य व्यक्ति को सौंपने के लिए अगले आदेशों की प्रतीक्षा करने को कहा था।
विभिन्न धाराओं में केस दर्ज
इस संबंध में एफआईआर नंबर 63, दिनांक 25.10.2025 को आम्र्स एक्ट की धारा 25, विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की धारा 3, 4 और 5, तथा भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 111 और 61(2) के तहत थाना एसएसओसी अमृतसर में दर्ज की गई है।

















