हैदराबाद-बेंगलुरु हाईवे पर एक प्राइवेट बस का हादसा हो गया, जहां बाइक से टकराने के बाद बस में आग लग गई। जानकारी के मुताबिक, बस में सवार कम से कम 32 लोगों के जिंदा जलने की आशंका बनी हुई है। ये घटना आंध्र प्रदेश के कर्नूल जिले के चिन्ना टेकुरु गांव के पास शुक्रवार तड़के हुई। बस में 40 से ज्यादा यात्री सवार थे, जो ज्यादातर हैदराबाद से बेंगलुरु की ओर जा रहे थे। ये हादसा सड़क पर चलते वाहनों की जिंदगी को कितना जोखिम में डाल देता है, ये सोचकर ही मन उदास हो जाता है।
हादसे का पूरा विवरण
रिपोर्ट्स के अनुसार, बस कावेरी ट्रैवल्स की थी, जो रूट पर नियमित चलती है। सुबह के समय बस तेज रफ्तार में थी, तभी सामने आ रही एक बाइक से टकरा गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बस का अगला हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया और तुरंत आग भड़क उठी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि बस के इंजन से धुआं निकला और कुछ ही मिनटों में पूरी बस आग की लपटों में लिपट गई। यात्री चीखते-चिल्लाते बाहर निकलने की कोशिश करने लगे, लेकिन दरवाजे जाम हो गए थे। ये सब कुछ इतनी जल्दी हुआ कि आसपास के लोग भी हड़बड़ा गए।
40 लोग सवार थे बस में
बस में कुल 40 से ज्यादा लोग सवार थे, जिसमें पुरुष, महिलाएं और कुछ बच्चे भी शामिल थे। 12 यात्री किसी तरह खिड़कियों या दरवाजों से कूदकर बाहर आ गए, लेकिन बाकी 32 लोग अंदर ही फंस गए। डॉक्टरों और बचाव टीमों के मुताबिक, ये लोग आग और धुएं से बुरी तरह प्रभावित हुए। अभी तक आधिकारिक तौर पर मृतकों की संख्या की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन स्थानीय मीडिया और पुलिस के शुरुआती अनुमान यही कह रहे हैं। जो लोग बाहर निकले, वे मामूली चोटों के साथ अस्पताल में हैं। परिवार वाले अस्पतालों के बाहर इंतजार कर रहे हैं, ये दृश्य देखकर दिल दुखता है।
हैदराबाद बेंगलुरू नेशनल हाईवे पर हुआ एक्सीडेंट
हादसा हैदराबाद-बेंगलुरु नेशनल हाईवे पर चिन्ना टेकुरु गांव के नजदीक हुआ, जो कर्नूल जिले में आता है। शुक्रवार के तड़के करीब 4-5 बजे का। उस समय सड़क पर ट्रैफिक कम था, लेकिन ठंड के मौसम में धुंध भी एक वजह हो सकती है। पुलिस ने हाईवे का एक हिस्सा बंद कर दिया है ताकि जांच हो सके। बस एक पुरानी प्राइवेट वॉल्वो बस थी, जिसमें एसी और सीटिंग व्यवस्था सामान्य थी। यात्री ज्यादातर मजदूर, स्टूडेंट और परिवार वाले थे, जो काम या पढ़ाई के सिलसिले में सफर कर रहे थे। इस एक्सीडेंट चपेट में ड्राइवर भी आ गया ड्राइवर भी हादसे में फंस गया, उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है। बस कंपनी ने अभी कोई बयान नहीं दिया है।
स्थानीय लोगों ने की मदद
हादसे के बाद प्रशासन के पहुंचने से पहले स्थानीय लोग और राहगीरों ने लोगों की मदद की। दमकल की गाड़ियां 15-20 मिनट में पहुंचीं और आग बुझाने का काम किया। बचाव दल ने बस के मलबे को हटाया, लेकिन गर्मी इतनी थी कि काम मुश्किल हो गया। पीड़ितों को नजदीकी अस्पतालों में भेजा जा रहा है। एनडीआरएफ की टीम भी बुलाई गई है।
एक राहगीर ने बताया, “मैंने बस को बाइक से टकराते देखा, फिर धुआं निकला और आग फैल गई। हमने चिल्लाकर यात्रियों को जगाने की कोशिश की, लेकिन देर हो चुकी थी।” एक और शख्स ने कहा, “बस के अंदर से धुआं इतना था कि सांस लेना मुश्किल हो गया। जो बाहर आए, वे भी सदमे में हैं।”
सीएम चंद्रबाबू नायडू ने जताया शोक
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने हादसे पर शोक जताया और मृतकों के परिवारों को सांत्वना दी। उन्होंने अधिकारियों को घायलों का इलाज फ्री कराने और राहत राशि देने के आदेश दिए। पुलिस जांच कर रही है कि टक्कर कैसे हुई—क्या स्पीड ज्यादा थी या बाइक साइड से आई। एक हफ्ते पहले राजस्थान में भी ऐसा ही हादसा हुआ था, जहां 22 लोग मारे गए थे।
















