पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों के क्या हाल हैं, ये दुनिया से छिपा नहीं है। वहां हर दिन किसी ने किसी रूप में हिन्दुओं पर अत्याचार किया जा रहा है। ताजा मामला पाकिस्तान के सिंध का है, जहां इस्लामिक कट्टरपंथियों ने 15 वर्षीय नाबालिग हिन्दू युवती का अपहरण उसके घर के बाहर से ही कर लिया। इसके बाद उसके साथ बलात्कार किया गया और फिर उसे जबरन मुसलमान बना दिया गया है।
पीड़िता का जबरन निकाह एक मुस्लिम बुजुर्ग के साथ कराया गया है। पता चला है कि पीड़िता अपनी मां निरमल मेघवार के साथ रहती थी। ये वारदात एक महीने पहले की है,जो कि अब सामने आई है।
क्या है पूरा मामला
सिंध प्रांत में लड़की का घर के ठीक बाहर से अपहरण कर लिया गया। अपहरणकर्ताओं ने उसे किडनैप करने के बाद पहले तो बलात्कार किया, फिर जबरदस्ती इस्लाम में कन्वर्ट कराया। ऊपर से एक बूढ़े मुस्लिम शख्स से उसका निकाह करा दिया गया। लड़की की उम्र सिर्फ 15 साल थी, जो कानूनी तौर पर बच्ची ही है। परिवार ने कोशिश की कि पुलिस में शिकायत करें, लेकिन धमकियां मिलने लगीं। अपहरणकर्ताओं कोर्ट के बाहर भी परिवार पर हमला कर दिया। निरमल मेघवार ने बताया, “हमने कोर्ट में उसकी उम्र के कागजात दिखाए, लेकिन अपहरणकर्ताओं ने सुनवाई के दौरान बाहर हमला कर दिया। हम डरते रहे, लेकिन बेटी ने हिम्मत दिखाई।”
कोर्ट में आंसुओं की गवाही
मीरपुरखास की सेशन कोर्ट में लड़की को पेश किया गया। वहां जज के सामने रोते हुए बोली, “मैं अपने परिवार के पास लौटना चाहती हूं।” ये सुनकर कोर्ट ने तुरंत एक्शन लिया। जज ने आदेश दिया कि लड़की को सुरक्षित जगह पर रखा जाए, जब तक आगे की कार्रवाई न हो। ये फैसला परिवार के लिए थोड़ी राहत था, लेकिन डर अभी भी बरकरार है। लड़की ने खुलकर बताया कि सब कुछ जबरन हुआ, न शादी की मर्जी थी, न धर्म बदलने की।
परिवार की बेबसी और धमकियां
निरमल मेघवार ने कहा, “हम लगातार डर में जी रहे थे। उम्र साबित करने के लिए कागजात लाए, लेकिन अपहरणकर्ता बाहर इंतजार कर रहे थे।” परिवार को लगातार धमकियां मिल रही हैं, फिर भी वे न्याय के लिए लड़ रहे हैं। ये घटना पिछले एक महीने में सिंध में चौथा मामला है, जहां हिंदू या ईसाई लड़कियों का ऐसा अपहरण और जबरन धर्मांतरण हो रहा है। मानवाधिकार संगठन बार-बार चेतावनी दे रहे हैं कि पाकिस्तान में अल्पसंख्यक लड़कियां खतरे में हैं। हर नई घटना पुराने जख्मों को कुरेदती है, जहां परिवार न्याय के लिए संघर्ष करते हैं।

















