मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने माहौल बिगाड़ने वालों को आईना दिखाया और कहा कि यह उन लोगों के लिए कल्पना है, जिन्होंने कभी शांति व संयम का परिचय नहीं दिया। जिन लोगों के पास थोड़ा सा वैभव आया तो उनकी गर्मी सामने आने लगती है और वे लोगों की शांति को छीनने का प्रयास करते हैं। उत्सव, उत्साह व उमंग के माहौल में व्यवधान पैदा करके व्यवस्था को कैद कर देना चाहते हैं, जबकि हमारे यहां राम व कृष्ण का उपदेश एक ही है। जब राक्षसों का आतंक छा रहा था, तब भगवान राम ने अपनी भुजाओं को उठाकर प्रण किया कि धऱती को राक्षस विहीन कर दूंगा।
सज्जनों का संरक्षण और दुर्जनों का करना होगा अंत
भगवान श्रीकृष्ण ने भी कहा था कि हर धर्मात्मा को सज्जन शक्ति का संरक्षण व दुर्जन शक्ति को समाप्त करना होगा, तब सृष्टि की व्यवस्था आगे बढ़ेगी। सज्जन शक्ति महापुरुषों की वाणी, धर्म और लोककल्याण के पथ पर खुद को अग्रसर करके कार्य कर रही है और दुर्जन शक्ति दूसरों को चैन से नहीं बैठने देती। अत्याचार, शोषण करना चाहती है।
मंदिर का किया लोकार्पण
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को दिगंबर जैन मंदिर परिसर में नवनिर्मित मंदिर का लोकार्पण किया। फिर दर्शन-पूजन, आरती कर मंदिर का भ्रमण करते हुए भगवान ऋषभ देव से चली भगवान महावीर तक की 24 जैन तीर्थंकरों की परंपरा को नमन किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या के पहले राजा भगवान ऋषभ देव हुए। इस परंपरा में कई पीढ़ियों बाद भगवान श्रीराम का जन्म हुआ। गंगा मैया को धरती पर लाने वाले महाराज भगीरथ और परम गोभक्त महाराज दिलीप भी इसी परंपरा में पैदा हुए। भगवान राम के बड़े पुत्र लव ने श्रावस्ती को राजधानी बनाकर इस क्षेत्र को नई गति दी थी।
उत्तर प्रदेश अनाचार, दुराचार बर्दाश्त नहीं करेगा
सीएम ने कहा कि नए भारत का नया उत्तर प्रदेश अत्याचार, अनाचार, दुराचार, शोषण व उपद्रव को बर्दाश्त नहीं करता है। यूपी अब उपद्रव की नहीं, उत्सव की भूमि बन गई है। सरकार हर नागरिक को सम्मान व सुरक्षा की गारंटी दे रही है, क्योंकि यह सरकार का नैतिक दायित्व है। सरकार विरासत को बढ़ाएगी, लेकिन सुरक्षा में सेंध लगाने वालों से सख्ती से भी निपटेगी। यही बात धर्म भी कहता है।
















