राष्ट्रीय भारतीय सैन्य कॉलेज (आरआईएमसी), देहरादून ने 3 और 4 सितंबर को दो दिवसीय राष्ट्रीय सैन्य स्कूल (आरएमएस) प्रिंसिपल सम्मेलन 2025 का आयोजन किया। इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में देश भर से पांच राष्ट्रीय सैन्य स्कूलों (आरएमएस) के प्रमुखों ने भाग लिया, जिसमें शैक्षणिक, प्रशिक्षण और प्रशासनिक स्तर पर सहयोग को मजबूत करने पर गहन चर्चा हुई।
सम्मेलन में भाग लेने वाले नेताओं में शामिल थे – लेफ्टिनेंट कर्नल के. अनूप नायर (बेंगलुरु), श्री वी. के. गंगवाल जैन (चैल), लेफ्टिनेंट कर्नल रितु (अजमेर), लेफ्टिनेंट कर्नल प्रभा बिष्ट (बेलगाम), और लेफ्टिनेंट कर्नल अमित शर्मा (धौलपुर)।
कार्यक्रम की शुरुआत आरआईएमसी के कमांडेंट कर्नल राहुल अग्रवाल द्वारा अतिथियों के स्वागत एवं अभिनंदन के साथ हुई। इसके बाद विभिन्न सत्रों का आयोजन किया गया, जिसमें संकाय प्रमुखों ने शैक्षणिक उत्कृष्टता, खेल, सांस्कृतिक गतिविधियां, नव प्रवेशित बालिका कैडेटों का समावेशन तथा समग्र छात्र विकास जैसे विषयों पर प्रस्तुतियां दीं।
सम्मेलन में बुनियादी ढांचे में नवाचार, शिक्षकों के प्रशिक्षण और एनडीए परीक्षा परिणामों में सुधार के लिए कार्य योजना पर ध्यान केंद्रित किया गया। आरआईएमसी और आरएमएस दोनों के नेतृत्व ने आपसी सहयोग और संसाधनों के साझा उपयोग को और मजबूत करने की आवश्यकता पर सम्मेलन में आपसी सहमति जताई। सम्मेलन का समापन भविष्य की संयुक्त कार्ययोजनाओं के साथ हुआ, जिसमें शैक्षणिक सहयोग, संस्थाओं के मध्य कैडेट और संकाय आदान-प्रदान, और संयुक्त अधोसंरचना विकास के प्रस्ताव शामिल थे। यह सम्मेलन सशस्त्र बलों के प्रमुख फीडर संस्थानों के बीच समन्वय को एक नई दिशा देने वाला साबित हुआ। सभी संस्थानों ने अनुशासन, फिटनेस और शैक्षणिक गुणवत्ता के उच्च मानकों पर खरे उतरने वाले कैडेट तैयार करने की अपनी साझा प्रतिबद्धता को दोहराया।

















