अपनी बात - किस करवट बैठेगा लोकतंत्र का ऊंट?
October 11, 2026
  • Read Ecopy
  • Circulation
  • Advertise
  • Careers
  • About Us
  • Contact Us
Android appiPhone AppArattai
Panchjanya
  • ‌
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • सामाजिक समरसता
      • नागरिक कर्तव्य
      • पर्यावरण
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • अधिक
    • विभाजन-विभीषिका
    • पाञ्चजन्य इवेंट
      • सुशासन संवाद
      • सागर मंथन
      • मुंबई संकल्प
      • अष्टायाम
      • गुरुकुलम
      • साबरमती संवाद
      • आधार इन्फ्रा
    • वेब स्टोरी
    • ऑपरेशन सिंदूर
    • विश्लेषण
    • लव जिहाद
    • खेल
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • स्वास्थ्य
    • धर्म-संस्कृति
    • पर्यावरण
    • बिजनेस
    • साक्षात्कार
    • शिक्षा
    • रक्षा
    • कला-साहित्य
      • पुस्तकें
      • पुस्तक समीक्षा
    • सोशल मीडिया
    • विज्ञान और तकनीक
    • मत अभिमत
    • श्रद्धांजलि
    • संविधान
    • आजादी का अमृत महोत्सव
    • मानस के मोती
    • जनजातीय नायक
    • पॉडकास्ट
    • पत्रिका
    • हमारे लेखक
  • Subscribe
    • Subscribe Print Edition
    • Subscribe Ecopy
    • Read Ecopy
  • ‌
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • सामाजिक समरसता
      • नागरिक कर्तव्य
      • पर्यावरण
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • अधिक
    • विभाजन-विभीषिका
    • पाञ्चजन्य इवेंट
      • सुशासन संवाद
      • सागर मंथन
      • मुंबई संकल्प
      • अष्टायाम
      • गुरुकुलम
      • साबरमती संवाद
      • आधार इन्फ्रा
    • वेब स्टोरी
    • ऑपरेशन सिंदूर
    • विश्लेषण
    • लव जिहाद
    • खेल
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • स्वास्थ्य
    • धर्म-संस्कृति
    • पर्यावरण
    • बिजनेस
    • साक्षात्कार
    • शिक्षा
    • रक्षा
    • कला-साहित्य
      • पुस्तकें
      • पुस्तक समीक्षा
    • सोशल मीडिया
    • विज्ञान और तकनीक
    • मत अभिमत
    • श्रद्धांजलि
    • संविधान
    • आजादी का अमृत महोत्सव
    • मानस के मोती
    • जनजातीय नायक
    • पॉडकास्ट
    • पत्रिका
    • हमारे लेखक
  • Subscribe
    • Subscribe Print Edition
    • Subscribe Ecopy
    • Read Ecopy
Panchjanya
panchjanya android mobile app
  • होम
  • भारत
  • विश्व
  • संघ @100
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • विश्लेषण
  • मत अभिमत
  • रक्षा
  • धर्म-संस्कृति
  • पत्रिका
  • पाञ्चजन्य इवेंट
  • Print Edition
  • Ecopy
होम Archive

अपनी बात - किस करवट बैठेगा लोकतंत्र का ऊंट?

Written byArchiveArchive
Nov 6, 2017, 12:00 am IST
inArchive

दिंनाक: 06 Nov 2017 12:13:55

आज जब देश के उत्तर और पश्चिम में चुनावी बयार बह रही है, चलिए, कुछ बीती बातों को याद कर लेते हैं। ये दोनों दिशाएं भारतीय राजनीति के दो ऐसे राजनीतिक स्तंभों का प्रतिनिधित्व करती हैं जो एक ही कालखंड में सक्रिय रहे और राजनीति पर अपनी स्थायी छाप छोड़ गए।
सरदार वल्लभभाई पटेल गुजरात के नाडियाड से थे और जवाहरलाल नेहरू के वंशवृक्ष की जड़ें हिमालयी राज्य जम्मू-कश्मीर से जुड़ी थीं। संयोग ही है कि उपरोक्त दो विराट व्यक्तित्वों की जयंतियों (क्रमश: 31 अक्तूबर और 14 नवंबर) के बीच भारतीय राजनीति गुजरात और हिमाचल में अपने लोकोत्सव में डूबी है। हालांकि तुलना की जरूरत नहीं, किन्तु मानना होगा कि सिर्फ जवाहरलाल नेहरू पर केंद्रित रहकर और उन्हें ही बार-बार उल्लिखित करते हुए देश की सबसे उम्रदराज पार्टी (इंडियन नेशनल कांग्रेस) केवल एक परिवार तक सिमट गई। जबकि सरदार पटेल और ऐसे ही अन्य राष्टÑनायकों को पूरे मन से स्वीकारते और उनके योगदान को बार-बार देश के सामने रेखांकित करते हुए भारतीय जनता पार्टी पूरे देश के दिल पर राज कर रही है।
प्रश्न उठता है-कांग्रेस के साथ यह गड़बड़
कैसे हुई और भाजपा को सामाजिक सफलता का मंत्र
कैसे मिला!
दरअसल, कभी राष्ट्रीय विचारों का सामूहिक मंच रही कांग्रेस पार्टी को कुनबे की बपौती समझने की भूल नेहरूकाल से ही शुरू हुई। पार्टी के भीतर पीढ़ी दर पीढ़ी पुख्ता होते इस विचार का दंश अंतत: सांगठनिक एवं वैचारिक कमजोरी के तौर पर पार्टी को झेलना पड़ा। इसके बरअक्स, भारतीय जनता पार्टी ने अपने पूर्ववर्ती रूप (भारतीय जनसंघ) में ही वह मंत्र पा लिया था जो आगे चलकर पार्टी को सर्वसमावेशी आधार देने वाला था। यदि कहा जाए कि पं. दीनदयाल उपाध्याय का एकात्म मानववाद का दर्शन आज भाजपा की लीक को सही रखने वाली सीख साबित हुआ है तो गलत नहीं होगा। आज जम्मू-कश्मीर से लगते पर्वतीय राज्य हिमाचल में जहां जनता राजनीतिक भ्रष्टाचार से आक्रोशित है, वहीं काठियावाड़ से गांधीनगर तक जातीय समीकरणों ने राज्य की राजनीति में उथल-पुथल मचाई हुई है।
ऐसे में यह जिज्ञासा दिलचस्प हो सकती है कि कश्मीर से लेकर तिब्बत तक के मुद्दे पर ढुलमुल रवैया बरतने वाला नेहरूवादी विचार जनता को अब भी खींचता है या करीब 565 रियासतों को सूत्रबद्ध कर भारत का वर्तमान नक्शा खींचने वाला, भाग्यनगर (हैदराबाद) के भाग्य का फैसला करने वाला सरदार पटेल का दृढ़ रवैया लोगों को ज्यादा भाता है।
हालांकि यह सही है कि हिमाचल और गुजरात, दोनों राज्यों में चुनाव नेहरू या पटेल के नाम पर नहीं हो रहे, किन्तु साथ ही यह बूझना भी सही है कि राजनीति के किन प्रतीकों से जनता का मोहभंग हुआ और किनके प्रति विश्वास बरकरार है। कौन-सी राजनीति चलेगी? नतीजा जो भी हो किन्तु दोनों राज्यों के नतीजों को यदि दूरंदेश, स्पष्ट और दृढ़ राजनीति के प्रति जनता के दृष्टिकोण, प्रतिसाद के तौर पर देखा जाए तो गलत क्या है?
जानकार कहते हैं कि यदि नेहरू ने पटेल की सुनी होती, उनकी चिट्ठियों की उपेक्षा न हुई होती तो भारतीय राजनीति की दिशा और दशा कुछ और ही होती। यह बात कांग्रेस के लिए भी सही बैठती है—यदि इस पार्टी ने एक परिवार को ही तारणहार न माना होता तो पार्टी की दिशा-दशा कुछ और होती।
ऐसे में जबकि सभी चुनावी सर्वेक्षण दोनों राज्यों में भाजपा की जीत अवश्यंभावी बता रहे हैं, कांग्रेस अपने युवराज का वही चिराग रगड़ रही है। ऐसे में लोकतंत्र का ऊंट किस करवट बैठेगा? जवाब माहौल में तैर रहा है।

Share
Tweet
SendShareSend
Subscribe Panchjanya YouTube Channel
Download Panchjanya mobile apps: Google Play Store  / App Store

संबंधित समाचार

गुरुद्वारा बंगला साहिब में घुसे प्रदर्शनकारी

गुरुद्वारा बंगला साहिब: केजरीवाल और AAP नेताओं पर गुरु घर के राजनीतिक इस्तेमाल का आरोप, दिल्ली पुलिस में शिकायत दर्ज

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पिछले साल अगस्त में अलास्का में अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात की थी।

ट्रंप की रूस नीति: ऊर्जा सुरक्षा, चीन की महत्वाकांक्षाएं और भारत की कूटनीतिक दूरदर्शिता

राहुल गांधी और डॉ. अंगोमचा बिमोल अकोइजम

“Smash the Patriarchy” का सच? JNU प्रोफेसर और कांग्रेस सांसद पर गंभीर आरोप, राहुल गांधी की चुप्पी पर उठे सवाल

Bharat Bhushan tiwari Fact check

दिल्ली में NSG जवानों को डिप्लॉय किए जाने का वीडियो वायरल, PIB ने बता दी सच्चाई

मुख्यमंत्री धामी ने अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस पर 149 मेधावी बालिकाओं को स्मार्टफोन देकर सम्मानित किया

US President Donald Trump

Explainer: रूसी तेल अमेरिका खुद खरीदे तो अच्छा, लेकिन भारत वही करे तो बुरा कैसे?

Load More

ताज़ा समाचार

गुरुद्वारा बंगला साहिब में घुसे प्रदर्शनकारी

गुरुद्वारा बंगला साहिब: केजरीवाल और AAP नेताओं पर गुरु घर के राजनीतिक इस्तेमाल का आरोप, दिल्ली पुलिस में शिकायत दर्ज

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पिछले साल अगस्त में अलास्का में अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात की थी।

ट्रंप की रूस नीति: ऊर्जा सुरक्षा, चीन की महत्वाकांक्षाएं और भारत की कूटनीतिक दूरदर्शिता

राहुल गांधी और डॉ. अंगोमचा बिमोल अकोइजम

“Smash the Patriarchy” का सच? JNU प्रोफेसर और कांग्रेस सांसद पर गंभीर आरोप, राहुल गांधी की चुप्पी पर उठे सवाल

Bharat Bhushan tiwari Fact check

दिल्ली में NSG जवानों को डिप्लॉय किए जाने का वीडियो वायरल, PIB ने बता दी सच्चाई

मुख्यमंत्री धामी ने अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस पर 149 मेधावी बालिकाओं को स्मार्टफोन देकर सम्मानित किया

US President Donald Trump

Explainer: रूसी तेल अमेरिका खुद खरीदे तो अच्छा, लेकिन भारत वही करे तो बुरा कैसे?

गुवाहाटी में बड़ी कार्रवाई: 57 बांग्लादेशी घुसपैठिए पकड़े गए, फर्जी आधार कार्ड बरामद

राहुल गांधी, कांग्रेस नेता

वामपंथी प्रभाव में कांग्रेस: राहुल गांधी की विचारधारा और हिंदुत्व विरोधी रुख

नवनेथेम “नावी” पिल्लै: रंगभेदी दक्षिण अफ्रीका से नोबेल शांति पुरस्कार तक

कॉकरोच जनता पार्टी के नेता अभिजीत दीपके, सौरभ दास और आशुतोष रांका को मिली जमानत, कोर्ट ने रखी ये शर्त

Load More
  • Privacy
  • Terms
  • Cookie Policy
  • Refund and Cancellation
  • Delivery and Shipping

© Bharat Prakashan (Delhi) Limited.
Tech-enabled by Ananthapuri Technologies

  • Search Panchjanya
  • होम
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • सामाजिक समरसता
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • पर्यावरण
      • नागरिक कर्तव्य
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • विभाजन-विभीषिका
  • पाञ्चजन्य इवेंट
    • सुशासन संवाद
    • सागर मंथन
    • मुंबई संकल्प
    • अष्टायाम
    • गुरुकुलम
    • साबरमती संवाद
    • आधार इन्फ्रा
  • वेब स्टोरी
  • ऑपरेशन सिंदूर
  • विश्लेषण
  • लव जिहाद
  • खेल
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म-संस्कृति
  • पर्यावरण
  • बिजनेस
  • साक्षात्कार
  • शिक्षा
  • रक्षा
  • कला-साहित्य
    • पुस्तकें
    • पुस्तक समीक्षा
  • सोशल मीडिया
  • विज्ञान और तकनीक
  • मत अभिमत
  • श्रद्धांजलि
  • संविधान
  • आजादी का अमृत महोत्सव
  • पॉडकास्ट
  • पत्रिका
  • हमारे लेखक
  • Read Ecopy
  • प्रसार विभाग – Circulation
  • About Us
  • Contact Us
  • Careers @ BPDL
  • Advertise
  • Privacy Policy

© Bharat Prakashan (Delhi) Limited.
Tech-enabled by Ananthapuri Technologies