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सेवा कार्यों के दर्शन

Written byArchiveArchive
Nov 21, 2011, 12:00 am IST
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रा.स्व.संघ के सेवा दर्शन मेले में समाज को हुए सेवा कार्यों के दर्शन

दिंनाक: 21 Nov 2011 11:52:06

  

तरुण सिसोदिया

 

हिन्दू समाज में व्याप्त है सेवा का भाव

–रामेश्वर, क्षेत्र प्रचारक, उत्तर क्षेत्र, रा.स्व.संघ

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के स्वयंसेवक मात्र शाखा ही नहीं चलाते, अपितु विभिन्न प्रकार के सेवा कार्यों में भी सक्रिय रहते हैं। समाज को यही बताने के उद्देश्य से गत 12-13 नवंबर को दिल्ली में संघ के सेवा विभाग द्वारा सेवा दर्शन मेले का आयोजन किया गया। मेले का शुभारम्भ रा.स्व.संघ, उत्तर क्षेत्र के क्षेत्र प्रचारक श्री रामेश्वर, रा.स्व.संघ, दिल्ली के प्रांत संघचालक श्री कुलभूषण आहूजा, सनातन धर्म प्रतिनिधि सभा, दिल्ली के अध्यक्ष स्वामी राघवानंद, सेवा इंटरनेशनल एवं सूर्या समूह के अध्यक्ष श्री जयप्रकाश अग्रवाल, दिव्य प्रेम सेवा मिशन के अध्यक्ष श्री आशीष गौतम एवं सेवा इंटरनेशनल के अंतरराष्ट्रीय संयोजक श्री श्याम परांडे द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए श्री रामेश्वर ने कहा कि सेवा का भाव भारत में ही देखने को मिलता है और भारत में भी सिर्फ हिन्दू समाज में यह दिखाई देता है। विश्व के किसी भी देश में जाकर यदि हम पूछेंगे कि धर्मशाला कहां है, तो लोग हमसे कहेंगे कि धर्मशाला क्या होती है। वहीं हमारे यहां छोटे-छोटे स्थान पर भी धर्मशाला मिल जाएगी। उन्होंने कहा कि हमारे देश के ऋषि-मुनियों ने व्यक्ति के सर्वांगीण विकास का चिंतन किया। ऋषि-मुनियों ने कहा कि 'मनुष्य केवलʇशरीर नहीं है। भगवान ने इसे बुद्धि, मन और आत्मा भी दी है।' इसलिए जब हम मनुष्य का विचार करते हैं तो जब तक इन चारों का संयुक्त रूप से विचार नहीं करते, तब तक मनुष्य सुखी नहीं रह सकता। और सुख केवल भोग में नहीं है,अपितु सेवा और समर्पण        में है।

श्री रामेश्वर ने कहा कि संघ के प्रारम्भ से ही सेवा कार्य हुए हैं। आज देशभर में डेढ़ लाख से अधिक सेवा कार्य स्वयंसेवकों द्वारा चलाए जा रहे हैं। आगंतुकों का आह्वान करते हुए उन्होंने कहा कि हम यहां देखें कि स्वयंसेवकों द्वारा उनमें से क्या-क्या सेवा कार्य किए जा रहे हैं और विचार करें कि हम क्या कर सकते हैं। किसी सेवा कार्य में जुड़ने का हम संकल्प लें। अगर हम ऐसा करते हैं तो जिस भाव से आयोजकों ने यह मेला लगाया है, उनका उद्देश्य पूर्ण होगा।

स्वामी राघवानंद ने कहा कि सेवा दर्शन मेले का आयोजन करके आयोजकों ने बहुत ही महत्वपूर्ण कार्य किया है। सेवा कार्यों की वजह से ही आज हिन्दू समाज सुरक्षित है। उन्होंने कहा कि आज सेवा प्रकल्प तो बहुत हो गए हैं, अर्थ की भी कोई कमी नहीं है, पर प्रकल्पों में कार्य करने वाले कार्यकर्ताओं का घोर अभाव है। इस ओर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है।

श्री आशीष गौतम ने कहा कि हम निश्चय करें कि जीवन जीते हुए रास्ते में आने वाले हर व्यक्ति की चिंता करेंगे तो सेवा का उद्देश्य पूर्ण होगा और सेवा भारती जैसे संगठन पुष्पित-पल्लवित होंगे।

श्री जयप्रकाश अग्रवाल ने कहा कि भगवान की पूजा का दूसरा नाम सेवा है। दीनदयाल जी ने कहा था 'केवल अपना ही न सोचें, सबकी चिंता करें'। उद्घाटन कार्यक्रम में रा.स्व.संघ के वरिष्ठ प्रचारक श्री प्रेमचंद गोयल, प्रांत कार्यवाह श्री विजय कुमार, सह-प्रांत कार्यवाह श्री ओम प्रकाश एवं प्रांत सेवा प्रमुख श्री अजय कुमार भी उपस्थित रहे।

मेले में सेवा भारती, विद्या भारती, संस्कृत भारती, विश्व हिन्दू परिषद्, वनवासी कल्याण आश्रम, राष्ट्र सेविका समिति, एन.एम.ओ., भारत विकास परिषद, सेवा इंटरनेशल, दीनदयाल शोध संस्थान द्वारा चलाए जा रहे सेवा कार्यों की प्रदर्शनी लगाई गईं। इनके अलावा यहां कुछ ऐसे संस्थानों की प्रदर्शनी भी लगीं, जिनका संचालन संघ के स्वयंसेवक कर रहे हैं। इनमें प्रमुख थे- विवेकानन्द मेडिकल मिशन, श्री श्याम ब्लड डोनर्स, गंगा सेवा संस्थान, श्री मां शारदा राष्ट्रीय सेवा समिति। सेवा भारती द्वारा चलाए जा रहे कम्प्यूटर केन्द्र एवं सिलाई केन्द्र की प्रदर्शनी लोगों के आकर्षण का मुख्य केन्द्र रही। स्ट्रीट चिल्ड्रन प्रोजेक्ट की प्रदर्शनी के स्थान पर भी लोगों की अच्छी भीड़ देखी गई। विभिन्न संस्थाओं द्वारा लगाए गए चिकित्साʈशिविरों पर भी लोग बड़ी तादाद में जांच कराते दिखाई दिए। मेले के मंच से लगातार हो रहे सांस्कृतिक कार्यक्रम भी लोगों को सहज रूप से अपनी ओर खींच रहे थे। मेले का एक अन्य आकर्षण हर दो घंटे में निकाले जा रहे लक्की ड्रा भी थे। बच्चों के मनोरंजन के लिए विभिन्न प्रकार के झूले तथा खाने-पीने की उत्तम व्यवस्था भी मेले में थी। यहां दो दिन में दिल्ली के कोने-कोने से हजारों लोगों का आगमन हुआ और सभी ने इस पहल को सराहा।

 

हिन्दू स्वयंसेवक संघ ने भगिनी निवेदिता की जन्मस्थली पर किए

श्रद्धासुमन अर्पित

भगिनी निवेदिता स्मृति शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में गत दिनों हिन्दू स्वयंसेवक संघ, इंग्लैंड के कुछ स्वयंसेवक और सेविका समिति की सेविकाओं ने भगिनी निवेदिता की जन्मस्थली आयरलैंड जाकर श्रद्धासुमन अर्पित किए। दल में विश्व विभाग के सह-संयोजक श्री राम वैद्य, यू.के. के प्रचारक श्री चंद्रकांत, यू.के. के प्रवास पर भारत से आईं राष्ट्र सेविका समिति की पश्चिम क्षेत्र प्रचारिका सुश्री चंदा ताई साठे, यू.के. समिति की सह कार्यवाहिका सुश्री जयश्री बेन मिस्त्री और सम्पर्क प्रमुख सुश्री कीर्ति बेन शामिल थीं। भगिनी निवेदिता की जन्मस्थली पर श्रद्धासुमन अर्पित करने के बाद दंगनन नगर काउंसिल की ओर से  सुश्री चंदा ताई साठे को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया।

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