कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने ‘विश्वास स्कीम 2026’ शुरू की है। इस योजना का मकसद PF से जुड़े पुराने और लंबित मामलों का जल्द निपटारा करना है। यह 13 जुलाई 2026 से लागू हुई है और 6 महीने तक चलेगी। इसके तहत पात्र नियोक्ताओं को जुर्माने में भी राहत मिलेगी।
क्या है विश्वास स्कीम 2026?
विश्वास स्कीम 2026 एक विवाद समाधान योजना है। इसे उन मामलों के लिए लाया गया है, जिनमें कंपनियों ने कर्मचारियों का PF समय पर जमा नहीं किया या भुगतान में देरी हुई। ऐसे मामलों में लंबे समय से चल रहे विवादों को इस योजना के तहत सुलझाया जाएगा।
किन मामलों में मिलेगा लाभ?
इस योजना के तहत PF जमा करने में देरी, भुगतान से जुड़े पुराने विवाद और कुछ लंबित मामलों का समाधान किया जाएगा। इसके अलावा पात्र नियोक्ताओं को जुर्माने में भी राहत मिलेगी। हालांकि, धोखाधड़ी, गबन या गंभीर वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े मामलों को इस योजना में शामिल नहीं किया गया है। हालांकि यह योजना सीधे कर्मचारियों के लिए नहीं बनाई गई है, लेकिन इसका फायदा उन्हें भी मिलेगा। अगर किसी कंपनी ने कर्मचारियों का PF समय पर जमा नहीं किया है, तो ऐसे मामलों का जल्द निपटारा किया जा सकेगा। इससे कर्मचारियों के PF खाते में बकाया राशि जमा होने में आसानी होगी और लंबे समय से लंबित विवाद भी जल्दी सुलझ सकेंगे।
यह भी पढ़ें- EPF के नियम बदले! नौकरी छूटते ही अब नहीं निकाल पाएंगे पूरा PF, जानिए नया नियम
पेनल्टी में मिलेगी राहत
EPFO ने 14 जून 2024 से पहले के लंबित मामलों के लिए रियायती डैमेज का प्रावधान किया है।
2 महीने तक की देरी पर 0.25% प्रति माह डैमेज।
2 से 4 महीने की देरी पर 0.50% प्रति माह पेनल्टी।
4 महीने से अधिक की देरी पर 1% प्रति माह डैमेज देना होगा।
कौन उठा सकता है लाभ?
इस योजना का लाभ केवल वे नियोक्ता उठा सकेंगे जो EPFO की निर्धारित शर्तों को पूरा करेंगे। पात्र मामलों में आवेदन स्वीकार किए जाएंगे। ऐसे में जिन कंपनियों के PF से जुड़े पुराने विवाद लंबित हैं, उनके लिए विश्वास स्कीम 2026 एक बड़ा मौका साबित हो सकती है।













