
देहरादून: लेफ्टिनेंट जनरल मदन मोहन लखेड़ा (पूर्व राज्यपाल मिजोरम व पॉन्डिचेरी) का देहरादून में निधन हो गया। उनके निधन पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी,खजान दास ने शोक प्रकट किया है। श्री लखेड़ा 1937 में टिहरी जिले के जखंड गांव में जन्मे थे।
राष्ट्रीय मिलिट्री अकादमी देहरादून और खड़गवासला पुणे से सैन्य प्रशिक्षण के बाद उन्होंने 8 जून 1958 को देश की सेना में कमीशन प्राप्त किया था। 1990 में वे कश्मीर में कॉर्प्स कमांडर इन चीफ रहे। और फिर सेना मुख्यालय में सैन्य प्रशासन व वेलफेयर मामलों के जनरल रहे। वे कुमाऊँ रेजिमेंट के कर्नल कमांडर भी रहे। 1984 में स्वर्ण मंदिर में हुए ब्लू स्टार ऑपरेशन के दिनों में वहां सैन्य कार्रवाई में शामिल रहे।
1984 में में कानपुर में ब्रिगेडियर रहते हुए सिख विरोधी दंगों को रोकने के लिए उन्होंने सेना की करवाई का बेहद कुशल नेतृत्व किया। देश के लिए कई महत्त्वपूर्ण सैन्य कार्रवाईयों में उन्होंने अद्भुत सैन्य क्षमताओं से देश की सेवा की। वे अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सैनिक प्रकोष्ठ के भी चेयरमैन रहे। उनकी तीन पुत्रियां हैं तथा पिछले कुछ सालों से देहरादून में रह रहे थे। मिजोरम के राज्यपाल के तौर पर उन्होंने वहां के छात्रों और युवाओं में अपने व्यक्तिव से विशेष जगह बनाई और उन्हें देश की मुख्यधारा से जोड़ा। वे बेहद मिलनसार और नेकदिल इंसान थे! उनका अंतिम संस्कार आज हरिद्वार में गंगा किनारे कर दिया गया।