उधम सिंह नगर। गदरपुर तहसील क्षेत्र के बुढ़िया कालौनी मजरा शीला, रामजीवनपुर में कथित मतांतरण और अवैध रूप से प्रार्थना सभागार संचालित किए जाने के मामले में प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। शिकायत के आधार पर रविवार को एडीएम कौस्तुभ नंद मिश्र की मौजूदगी में मौके पर पहुंचकर जांच की गई।
जांच के दौरान पाया गया कि सुरेन्द्र सागर पुत्र महावीर सागर द्वारा आवासीय भूमि पर कथित रूप से अवैध तरीके से ईसाई मत की प्रार्थना सभा के लिए सभागार का निर्माण कराया गया है। मामले की जानकारी मिलते ही मौके पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग एकत्र हो गए। स्थानीय हिन्दू समाज के लोगों ने प्रशासन को बताया कि आरोपित द्वारा लोगों को डरा-धमकाकर तथा विभिन्न प्रकार के प्रलोभन देकर मतांतरण के लिए प्रेरित किया जा रहा है। इस कार्य में शामिल अन्य सदस्य आसपास के गांवों में भी सक्रिय हैं और कन्वर्जन कराने के प्रयास कर रहे हैं।
प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने उपजिलाधिकारी गदरपुर को सुरेन्द्र सागर और उनके सहयोगियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। संबंधित भूमि के कथित अवैध उपयोग को देखते हुए उसे राज्य सरकार में निहित किए जाने की प्रक्रिया भी प्रारंभ कर दी गई है। प्रशासन का कहना है कि मामले की विस्तृत जांच की जा रही है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
उल्लेखनीय है कि उत्तराखंड के उधम सिंह नगर जिले में जनजाति समुदाय राणा, थारू, बुक्सा में ईसाई मिशनरियों के द्वारा कथित रूप से कन्वर्जन का अभियान चलाया गया है,जिसके बाद प्रशासन ने भी प्रार्थना सभाएं कराने पर कार्रवाई किए जाने की बात कही जा रही है।
विश्व हिन्दू परिषद ने तराई क्षेत्र में थारू, बुक्सा जनजाति क्षेत्र में ईसाई मिशनरियों की गतिविधियों पर रोक लगाए जाने की मांग प्रशासन से की है।

















