जम्मू-कश्मीर के उधमपुर जिले में बसंतगढ़ इलाके के घने जंगलों में जैश-ए-मोहम्मद के दो आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ हुई। ये दोनों पाकिस्तानी मूल के थे और लंबे समय से इलाके में छिपे हुए थे। घने जंगल, ऊंची पहाड़ियां और संकरी प्राकृतिक गुफाओं का फायदा उठाकर वे सुरक्षाबलों से बचते रहे थे। इस बार भी उन्होंने एक गुफा को अपना ठिकाना बनाया, लेकिन वही गुफा उनकी आखिरी जगह साबित हुई।
ड्रोन से मिली खास जानकारी
सुरक्षाबलों ने ड्रोन उड़ाकर इलाके की निगरानी की। ड्रोन की लाइव फीड से गुफा के अंदर आतंकियों की हर हरकत साफ दिख रही थी। पता चल गया कि वे कहां छिपे हैं और कैसे गुफा के भीतर सिमटे हुए हैं। ऑपरेशन का नाम ‘किया’ रखा गया था। यह ऑपरेशन मंगलवार शाम करीब 4 बजे शुरू हुआ, जब जाफर जंगल इलाके में आतंकियों से संपर्क हुआ।
मुठभेड़ शुरू होने पर आतंकियों ने फायरिंग की। एक आतंकी को गोली लगी, लेकिन दोनों साथी गुफा के अंदर चले गए। संकरी मुंह वाली गुफा उन्हें सुरक्षित लग रही थी। वहां से वे अंधेरे और ऊंचाई का फायदा उठाकर फायरिंग करते हुए भागने की कोशिश कर रहे थे।
आतंकियों के भागने की कोशिश नाकाम
शाम ढलते ही, करीब रात साढ़े सात बजे आतंकियों ने अंधेरे का फायदा उठाकर गुफा से बाहर निकलने की कोशिश की। उनका प्लान था कि रात में निगरानी कमजोर पड़ जाएगी और वे चकमा देकर निकल जाएंगे। लेकिन सुरक्षाबल पूरी तरह तैयार थे। जैसे ही हलचल हुई, जवानों ने फायरिंग की और उन्हें वापस गुफा में घुसने पर मजबूर कर दिया। उनका भागने का प्लान फेल हो गया।
पूरी रात गुफा को चारों तरफ से घेरकर रखा गया। ड्रोन लगातार ऊपर मंडराता रहा और हर मूवमेंट पर नजर रखी जाती रही। बीच-बीच में गोलीबारी होती रही। सुरक्षाबलों ने जल्दबाजी नहीं की और स्थिति को कंट्रोल में रखा।
सुबह हुआ अंतिम हमला
बुधवार सुबह होते ही स्थिति पूरी तरह साफ हो गई। आतंकियों के पास कोई रास्ता नहीं बचा था। सुरक्षाबलों ने फैसला लिया कि अब अंतिम कार्रवाई करनी है। नियंत्रित तरीके से विस्फोट किया गया। गुफा को ब्लास्ट से उड़ा दिया गया। आतंकियों ने जिसे सबसे सुरक्षित जगह समझा था, वही उनकी कब्र बन गई। दोनों आतंकवादी मारे गए।एक आतंकी का शव गुफा के मुंह पर मिला, दूसरा गहराई में। बरामद हथियारों में एम4 कार्बाइन और एके राइफल शामिल थी। इलाका अभी भी निगरानी में है। यह कार्रवाई सेना की व्हाइट नाइट कोर, जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ की संयुक्त टीम ने की।
















