Falgun Month 2026: हिंदू पंचांग के अनुसार हिंदू वर्ष का अंतिम महीना फाल्गुन है। फाल्गुन माह की शुरुआत 2 फरवरी यानी सोमवार से हो रही है। इस माह भारतीय संस्कृति के कई प्रमुख त्यौहार मनाए जाते हैं। शास्त्रों के अनुसार फाल्गुन मास में जप, तप, संयम और दान करने से विशेष पुण्य की प्राप्ति होती है। इस महीने महाशिवरात्रि से लेकर होली तक कई बड़े त्यौहार आते हैं। आइए फाल्गुन माह के प्रमुख व्रत-त्यौहार जानते हैं।
संकष्टी चतुर्थी (5 फरवरी): फाल्गुन कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि यानी 5 फरवरी को संकष्टी श्रीगणेश चतुर्थी का व्रत है। यह व्रत संकटों को हरने वाला बताया गया है। ऐसी मान्यता है कि संकष्टी चतुर्थी के व्रत से जीवन में चले रहे सभी संकटों का समाधान निकलता है और सुख-सौभाग्य में वृद्धि होती है।
जानकी जंयती (9 फरवरी): फाल्गुन कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि यानी 9 फरवरी को श्री जानकी जंयती है।इस दिन दयानंद सरस्वती की जयंती भी मनाई जाएगी।
विजया एकादशी (13 फरवरी): फाल्गुन कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि को विजया एकादशी मनाई जाएगी। शास्त्रों में वर्णन आता है कि भगवान श्री राम ने भी विजया एकादशी का व्रत रखा था। इसी व्रत के फल से भगवान श्रीराम ने रावण को परास्त किया था। 13 फरवरी को यह व्रत रखा जाएगा।
महाशिवरात्रि व्रत (15 फरवरी): महाशिवरात्रि फाल्गुन मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी को है। इस वर्ष यह तिथि 15 फरवरी को पड़ रही है। इसलिए इस दिन महाशिवरात्रि मनाई जाएगी। इस दिन व्रत रखने से भगवान शिव और पार्वती की कृपा मिलती है।
फाल्गुन अमावस्या (17 फरवरी): फाल्गुनी अमावस्या 17 फरवरी को है। अमावस्या को दान और पुण्य के लिए महत्वपूर्ण माना गया है। इस दिन मंगलवार होने से यह भौमवती अमावस्या हैं। इस दिन पितरों के निमित्त श्राद्ध, तर्पण और स्नान-दान का बहुत महत्व होता है।
विनायक चतुर्थी ( 21 फरवरी): फाल्गुन शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि यानी 21 फरवरी को विनायक श्रीगणेश चतुर्थी का व्रत किया जाएगा।
होलाष्टक प्रारंभ (24 फरवरी): फाल्गुन शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि को होलाष्टक प्रारंभ हो जाएगा। यह तिथि 24 फरवरी को पड़ रही है।
होलिका दहन और होली: फाल्गुन मास में चतुर्दशी तिथि यानी 2 मार्च को होलिका दहन है। इसी दिन फाल्गुनी पूर्णिमा भी मनाई जाएगी। इस साल रंगों का त्यौहार होली 3 और 4 मार्च को है।











