असम के लखीमपुर जिले से एक बेहद गंभीर और चिंताजनक मामला सामने आया है, जहाँ पुलिस पर हमला कर एक आरोपी को जबरन छुड़ा लिया गया। यह घटना 27 दिसंबर को लखीमपुर के बोंगालमोरा इलाके में हुई। पुलिस के अनुसार, उन्हें गुप्त सूचना मिली थी कि बहारुल इस्लाम नाम का व्यक्ति सोनापुर इलाके में छिपा हुआ है। बहारुल पर आरोप है कि उसने सोशल मीडिया पर पहलगाम आतंकी हमले के समर्थन में पोस्ट किए थे। बताया गया है कि वह फर्जी अकाउंट्स के जरिए आतंकवादी गतिविधियों का समर्थन कर रहा था और लंबे समय से पुलिस की निगरानी में था।
पुलिस पर हमला, आरोपी छुड़ाया गया- सूचना के आधार पर जब पुलिस टीम मौके पर पहुंची और बहारुल इस्लाम को हिरासत में लिया, तभी अचानक 10 से अधिक लोगों की भीड़ वहां जमा हो गई। लाठी-डंडों से लैस इस भीड़ ने पुलिस पर हमला कर दिया और आरोपी को जबरन छुड़ा लिया। हमले में सब-इंस्पेक्टर गोकुल जॉयश्री और पुलिस वाहन के चालक गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव फैल गया। हालात को काबू में करने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया और निगरानी बढ़ा दी गई है।
10 आरोपी गिरफ्तार, सोशल मीडिया से जुड़े तार- टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, लखीमपुर के एसएसपी गुनेन्द्र डेका ने बताया कि यह हमला अचानक नहीं बल्कि पूरी तरह से योजनाबद्ध था। उन्होंने कहा कि आतंकी हमले के समर्थन में सोशल मीडिया पर सक्रिय कई लोगों की पहचान की गई थी, जिनमें बहारुल इस्लाम भी शामिल था। उसकी गिरफ्तारी के दौरान अताबुर रहमान के नेतृत्व में भीड़ ने पुलिस पर हमला किया। पुलिस ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है। अब तक जिन 10 लोगों को गिरफ्तार किया गया है, उनके नाम हैं- अफाजुद्दीन, नूर हुसैन, गुलजार हुसैन, नजरुल हक, काजिमुद्दीन, इकरामुल हुसैन, फखरुद्दीन अहमद एमडी अब्दुल हमीद, बिलाल हुसैन और अताबुर रहमान। पुलिस का कहना है कि इनमें से कई आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी रहा है।
पुलिस अलर्ट पर- पुलिस ने यह भी खुलासा किया कि बहारुल इस्लाम पहले फर्जी सोना बेचने के मामले में गिरफ्तार हो चुका है। भीड़ द्वारा छुड़ाए जाने के बाद वह फिलहाल फरार है, लेकिन पुलिस का दावा है कि उसे जल्द ही दोबारा पकड़ लिया जाएगा। मामले में आगे और गिरफ्तारियां भी संभव हैं। घटना के बाद से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।

















