राहुल गांधी ब्रिटिश नागरिकता: रायबरेली के सांसद राहुल गांधी की ब्रिटिश नागरिकता के मामले में रायबरेली जनपद में याचिका दाखिल है। अब याचिका दाखिल करने वाले विग्नेश शिशिर ने मांग की है कि इस मुकदमे की सुनवाई रायबरेली के अतिरिक्त किसी अन्य जनपद में की जाय। विग्नेश शिशिर का कहना है कि रायबरेली में सुनवाई के दौरान उनकी जान को खतरा है। उनका आरोप है कि गत 3 नवंबर और 5 दिसंबर को उन्हें धमकियां दी गईं तथा 12 दिसंबर को हमले की कोशिश हुई।
क्या है पूरा मामला?
बेंगलुरु के नेहरू नगर में रहने वाले एस विग्नेश शिशिर ने अपने अधिवक्ता विंदेश्वरी पांडेय के माध्यम से रायबरेली जनपद न्यायालय की एमपी एमएलए मजिस्ट्रेट कोर्ट में याचिका दाखिल किया। इसमें उन्होंने रायबरेली से सांसद राहुल गांधी पर ऑफिशियल सीक्रेट्स एक्ट, फॉरेनर्स एक्ट और पासपोर्ट एक्ट के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। अपने आवेदन में विग्नेश शिशिर ने नेता प्रतिपक्ष पर आरोप लगाया है कि उनके पास ब्रिटेन और भारत की दोहरी नागरिकता है। नेता विपक्ष के रूप में राहुल ने शत्रु देश को भारत की गोपनीय सूचनाएं प्रदान की हैं।
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राहुल गांधी बेनामी कंपनियों के मालिक
यह भी आरोप है कि रायबरेली सांसद बेनामी कंपनियों के मालिक हैं, जो यूनाइटेड किंगडम में हैं। याचिका में यह भी दावा किया गया है कि मामले की अब तक ठीक से जांच नहीं हुई है। याचिका में सुनवाई करते हुए विशेष अदालत ने पुलिस से कहा है कि ब्रिटिश नागरिकता के मामले में अब तक की गई जांच पर एक विस्तृत रिपोर्ट पेश करें। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक शिशिर ने कहा कि भारतीय राजनीति में ऐसा पहली बार हुआ है कि कोई विदेशी नागरिक हमारी संसद में 20 साल से बैठा है। इस मामले में जल्द ही सुनवाई किये जाने की आवश्यकता है। अधिवक्ता विंदेश्वरी पांडेय के अनुसार, इस मामले में बहुत सारे मजबूत साक्ष्य हैं। पासपोर्ट तो एक मामला है ही, सीरीज आफ ऑफेंस भी दिए गए हैं। कोर्ट ने बहस सुनने के बाद पुलिस से रिपोर्ट मांगी है।
















