कोलकाता। पश्चिम बंगाल में एसआईआर (SIR) प्रक्रिया के बीच नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी ने मंगलवार को अपने एक्स अकाउंट से एक ऑडियो क्लिप साझा करते हुए ममता बनर्जी सरकार और प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। शुभेंदु अधिकारी का दावा है कि SIR के कारण मुख्यमंत्री ममता बनर्जी परेशान हैं। आरोप है कि उनके निर्देश पर प्रशासन यह सुनिश्चित करने में लगा है कि मृत मतदाताओं के नाम वोटर लिस्ट से न काटे जाएं, ताकि बाद में चुनाव के समय छुपे तरीके से फर्जी मतदान कराया जा सके।
पोस्ट किए गए ऑडियो क्लिप के बारे में शुभेंदु अधिकारी का दावा है कि यह फलता इलाके के एक बीएलओ की आवाज है। उनके अनुसार, फलता के बीडीओ और एआरओ ने सभी BLO को फोन कर कहा है कि “डैथ सर्टिफिकेट के बिना किसी मृत व्यक्ति का नाम नहीं काटा जाएगा।” BLO के कथित आरोपों के अनुसार कई परिवारों ने मृत परिजनों के लिए एन्यूमरेशन फॉर्म में खुद घोषणा करते हुए हस्ताक्षर किए हैं। इसके बावजूद इन फॉर्मों को अपलोड करने से मना किया गया है।
असमाजिक तत्व घर-घर जाकर लोगों को रहे हैं धमका…
BLO को कहा जा रहा है कि फॉर्म अपलोड न कर “अन-मैपिंग” कर दें, जिससे बाद में सूची में हेरफेर की गुंजाइश रहे। शुभेंदु अधिकारी ने यह भी आरोप लगाया कि कुछ असामाजिक ततत्व घर-घर जाकर लोगों को धमका रहे हैं कि वे बीएलओ को कोई डेथ सर्टिफिकेट न दें। शुभेंदु अधिकारी ने इसे “मृत मतदाताओं को वोटर सूची में बनाए रखने की साजिश” बताया है।
उन्होंने कहा कि बीएलओ को किसी धमकी से डरने की जरूरत नहीं है और उन्हें कानून के अनुसार चुनाव आयोग की मदद करनी चाहिए। साथ ही उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि “तृणमूल के गुलाम बीडीओ और एआरओ सावधान हो जाएं, वरना परिणाम भुगतने होंगे। भाजपा मामले पर कड़ी नज़र रखे हुए है।” अंत में शुभेंदु अधिकारी ने मुख्य चुनाव अधिकारी बंगाल और चुनाव आयोग से इस कथित रिकॉर्डिंग में लगाए गए आरोपों की जांच कर बीडीओ और एआरओ के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करने की मांग की है।
















