दुबई एयर शो 2025 के दौरान भारत का स्वदेशी लड़ाकू विमान तेजस एक फ्लाइट डिस्प्ले के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। विमान जमीन पर गिरते ही आग की लपटों में घिर गया। इस दर्दनाक हादसे में भारत के बहादुर पायलट विंग कमांडर नमन स्याल ने अपनी जान गंवा दी। हिमाचल प्रदेश से आने वाले नमन स्याल के शहीद होने की खबर से पूरा देश शोक में डूब गया।
हादसे के बाद सोशल मीडिया पर तेजस क्रैश को लेकर कई तरह की भ्रामक और फर्जी कहानियां फैलने लगीं। खासतौर पर पाकिस्तान के कुछ फर्जी सोशल मीडिया हैंडल्स ने तेजस को बदनाम करने की कोशिश की। ये लोग दावा करने लगे कि तेजस विमान में तेल रिसाव की समस्या थी और रखरखाव में लापरवाही की वजह से यह हादसा हुआ। कुछ अकाउंट्स ने तो पुराना वीडियो शेयर कर यह तक कहा कि दुबई एयर शो में तेजस से तेल लीक हो रहा था। लेकिन यह दावा पूरी तरह से गलत पाया गया। भारत सरकार की ओर से इन फर्जी खबरों पर तुरंत कार्रवाई की गई। पीआईबी (पत्र सूचना कार्यालय) ने फैक्ट चेक जारी करते हुए साफ बताया कि वायरल वीडियो में तेल नहीं, बल्कि विमान से नियमित रूप से पानी निकालने की प्रक्रिया दिखाई गई थी। दुबई जैसे गर्म और आर्द्र माहौल में विमानों के लिए यह एक मानक प्रक्रिया है, जिसे हर एयर शो में अपनाया जाता है।
पीआईबी ने यह भी कहा कि कुछ विदेशी अकाउंट जानबूझकर भारत के स्वदेशी युद्धक विमानों की छवि खराब करने के लिए झूठ फैला रहे हैं। तेजस विमान बनाने वाली सरकारी कंपनी एचएएल (HAL) ने भी इस हादसे पर गहरा दुख जताया और कहा कि भारतीय वायुसेना के साहसी पायलट की मौत पूरे देश के लिए एक क्षति है। तेजस विमान भारतीय तकनीक का प्रतीक है और कई अंतरराष्ट्रीय मंचों पर इसकी क्षमता को सराहा जा चुका है। हादसा दुखद है, लेकिन इसे लेकर फैलाए जा रहे फर्जी दावों का सच सामने आ चुका है। आज देश अपने वीर पायलट नमन स्याल को नमन कर रहा है, जिन्होंने कर्तव्य निभाते हुए सर्वोच्च बलिदान दिया।
















