रूस और यूक्रेन के बीच चल रहे युद्ध के चार साल होने को हैं। ऐसे में रूस पर बढ़त हासिल करने के लिए जेलेंस्की बड़ी ही उम्मीद से अमेरिका गए और टॉमहॉक मिसाइल की मांग की। लेकिन, ट्रंप ने न केवल जेलेंस्की की उम्मीदों पर पानी फेर दिया, बल्कि उन्होंने एक बार फिर से उनकी घनघोर बेइज्जती की और गाली-गलौच भी किया। साथ ही उन्हें सलाह दी कि वो रूस की शर्तों पर राजी होकर सीजफायर कर लें। अन्यथा वो यूक्रेन को तबाह कर देगा।
फाइनैंशियल टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, ये मीटिंग शुक्रवार को हुई, जब ट्रंप ने जेलेंस्की को रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की शर्तों को मानने की सलाह दी। मीटिंग के दौरान एक वक्त ऐसा आया कि बहस इतनी गरम हो गई कि कई बार चिल्ला-चिल्ला कर बात हुई और ट्रंप ने गालियां भी दीं। इस दौरान ट्रंप ने यूक्रेन की फ्रंटलाइन के नक्शे भी फेंक दिए। ये सब बंद कमरों में हुआ। इस बात का दावा यूरोपीय अधिकारियों ने इसकी जानकारी दी है।
मीटिंग से एक दिन पहले की थी पुतिन से बात
मीटिंग से एक दिन पहले ट्रंप ने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से फोन पर बात की थी। पुतिन ने उन्हें बताया कि यूक्रेन में चल रही जंग को वो “स्पेशल ऑपरेशन” कहते हैं, न कि युद्ध। ट्रंप ने ये बात जेलेंस्की के सामने दोहराई। ट्रंप रूस-यूक्रेन युद्ध को जल्द खत्म करने की कोशिश में लगे थे। जेलेंस्की की टीम को उम्मीद थी कि ट्रंप उन्हें हथियार देंगे, खासकर वो मिसाइलें जो रूस के अंदर हमले करने में मदद करतीं। लेकिन ट्रंप का रुख सख्त था। उन्होंने कहा कि यूक्रेन हार रहा है, इसलिए उसे रूस से डील कर लेनी चाहिए। यूरोपीय अधिकारियों के मुताबिक, ट्रंप ने पुतिन की बातें बिल्कुल वैसी ही दोहराईं।
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डोनबास को पुतिन को सौंपने की सलाह
मीटिंग के दौरान ट्रंप ने जेलेंस्की से कहा कि पूरे डोनबास इलाके को पुटिन को सौंप दो। इस पर जेलेंस्की ने इससे इंकार कर दिया। तब ट्रंप ने चेतावनी दी, “अगर वो चाहेगा, तो वो तुम्हें तबाह कर देगा।” एक यूरोपीय अधिकारी के अनुसार, ट्रंप पुतिन के लहजे में कहा, ये कोई युद्ध नहीं, बल्कि स्पेशल ऑपरेशन है। बाद में उन्होंने मौजूदा फ्रंटलाइन्स को फ्रीज करने की सलाह दी कि जो जहां है वहीं रहने दो। ट्रंप का कहना था कि वो यूक्रेन की मदद से तंग आ चुके हैं।
ट्रंप ने जेलेंस्की को गालियां दी
मीटिंग में कई बार ट्रंप लगातार गालियां देते रहे। एक पॉइंट पर उन्होंने यूक्रेन की फ्रंटलाइन का नक्शा देखा और कहा, “मैं इससे बीमार हो गया हूं।” फिर नक्शा फेंक दिया और बोले, “ये लाल लाइन कहां है, मुझे पता ही नहीं। मैं कभी वहां गया ही नहीं।” जेलेंस्की की टीम हैरान थी, क्योंकि ट्रंप ने पुतिन की बातें दोहरा रहे थे।

















