दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल, झारखंड एंटी टेररिज्म स्क्वॉड (ATS) और रांची पुलिस की एक संयुक्त और गोपनीय कार्रवाई में आतंकी नेटवर्क के एक बड़े मॉड्यूल का खुलासा हुआ है। इस अभियान के तहत रांची के इस्लामनगर इलाके से ISIS से जुड़े एक संदिग्ध आतंकी अजहर दानिश को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, अजहर दानिश पहले से ही सुरक्षा एजेंसियों की रडार पर था और उसके खिलाफ दिल्ली में एक मामला दर्ज था। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल उसे लंबे समय से तलाश रही थी। आखिरकार, संयुक्त खुफिया जानकारी और तकनीकी निगरानी के आधार पर उसे रांची में ट्रैक कर लिया गया।
पुलिस ने बताया कि अजहर दानिश की गिरफ्तारी एक बड़ी सफलता है क्योंकि वह एक सक्रिय आतंकी मॉड्यूल का हिस्सा माना जा रहा है। उसे गिरफ्तार करने के लिए तीनों एजेंसियों ने मिलकर एक योजनाबद्ध तरीके से ऑपरेशन चलाया, जिसमें गुप्त जानकारी के आधार पर कार्रवाई की गई। मिली जानकारी के अनुसार, जनवरी 2024 में अजहर दानिश रांची के पत्थलकुदवा मस्जिद के पास रह रहा था। कुछ समय बाद वह इस्लामनगर स्थित तबारक लॉज में शिफ्ट हो गया। यहीं से उसे गिरफ्तार किया गया है। पुलिस का कहना है कि उसके खिलाफ पहले से दर्ज केस के आधार पर उसे ट्रैक किया गया। पुलिस ने यह भी बताया कि गिरफ्तार किए जाने के समय अजहर के पास से कई संदिग्ध वस्तुएं बरामद की गईं, जिनमें हथियार और कई इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस शामिल हैं। इन सामानों की जांच की जा रही है ताकि उसके नेटवर्क और गतिविधियों की पूरी जानकारी मिल सके।
छापेमारी की पूरी कार्यवाही- तबारक लॉज में दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल, झारखंड एटीएस और रांची पुलिस की संयुक्त टीम ने छापा मारा। इस दौरान अजहर को हिरासत में लिया गया। इसके साथ ही झारखंड के पलामू जिले में भी पुलिस की टीम ने छापेमारी की। पलामू की एसपी रीष्मा रमेशन ने इसकी पुष्टि की है। हालांकि पलामू से किसी गिरफ्तारी की पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है, लेकिन माना जा रहा है कि यह ऑपरेशन बड़े आतंकी नेटवर्क के खिलाफ चलाया जा रहा है।
जांच और पूछताछ जारी- गिरफ्तारी के बाद पुलिस अजहर दानिश से लगातार पूछताछ कर रही है। उसके संपर्क में रहने वाले लोगों, उसके पिछले गतिविधियों और उसके आतंकी नेटवर्क के अन्य सदस्यों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शुरुआती पूछताछ में कुछ अहम सुराग मिले हैं, जिनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का यह भी कहना है कि यह गिरफ्तारी केवल एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि एक पूरे आतंकी मॉड्यूल को खत्म करने की दिशा में एक अहम कदम है। एजेंसियां अब इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश में जुट गई हैं।
आतंकी खतरे को लेकर सतर्कता- इस पूरी कार्रवाई के बाद सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। पुलिस का कहना है कि यह मामला सिर्फ स्थानीय स्तर पर सीमित नहीं है, बल्कि इसका संबंध अंतरराष्ट्रीय आतंकी संगठन ISIS से जुड़ा हुआ है। ऐसे में यह कार्रवाई देश की सुरक्षा के लिहाज से बेहद जरूरी थी। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि, “हमारे पास जो इनपुट थे, उनके आधार पर हमने ये ऑपरेशन चलाया। इस्लामनगर और पलामू में की गई छापेमारी में कई अहम सुराग मिले हैं। आने वाले समय में और गिरफ्तारियां संभव हैं। हमारी टीम पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।”

















